कुंडली 2016

कुंडली 2016 मेष राशि

ज्ञान 2016 के लिए मेष राशि का सही प्रतीक है. याद रखें आप सब कुछ अभी नहीं पा सकते हैं. आपको अपने तरीके से काम करके अपने लक्ष्य को प्राप्त करना होगा और इस साल यह एक लंबा मार्ग होगा. किन्तु येहि पथ आप का व्यक्तित्व विकसित करेगा और आपको आगे बढ़ाएगा. आप जान पाएँगे कि आपका लक्ष्य इतना महत्वपूर्ण नहीं है. आप शायद इस साल सच्चे प्यार को नही पा सकेंगे , लेकिन आप काम में बहुत अच्छा करेंगे. अपने परिवार के बारे में मत भूलना. उन पर ध्यान देना.

कुंडली 2016 वृषभ

वृषभ के लिए वर्ष 2016 का प्रतीक परिवर्तन है. बहुत लंबे समय से आप अतीत में रह रहे हैं और आप के आसपास क्या हो रहा है उसे देखा नहीं था. आपके क्षितिज का विस्तार होगा, इसे से बचने की कोशिश ना करें. यह जागने के लिए सही समय है. अपने खुद के पैरों पर खड़े हो जाओ. दूसरों से मोहित न हो. अपने कैरियर में आप बड़ी प्रगति प्राप्त करेंगे और इस साल आपके सितारों ने प्यार में आपके लिए सकारात्मक ऊर्जा को तैयार किया है. अब जब कि आपने ख़ुद को बदल दिया है,फिर भी पुराने विवादों के बारे में ना भूलें .

कुंडली 2016 मिथुन राशि

2016 में मिथुनराशि को दृढ़ता के प्रतीक द्वारा निर्देशित किया जाएगा. प्रमुख घटनाओं से निराशा या मूल्यों का पतन होगा. सितारों ने आपके लिए कई कठिनाइयों को तैयार किया है. उन पर काबू पाने के लिए आपको अपने सभी प्रयासों का इस्तेमाल करना होगा लेकिन यह करने के लिए आप मानसिक रूप से आप बहुत अधिक उदासीन हो जाएगें. आपको अपने मार्ग के अंत में पुरस्कार का आनंद प्राप्त नहीं होगा. प्यार में कम से कम आपको सफलता मिलेगी. नए अनुभवों से ना डरें. दुर्भाग्य से, आप स्वास्थ्य समस्याओं से भी नही बच पाएँगे.

कुंडली 2016 कर्क राशि

2016 में कर्क राशि के लिए प्रतीक है भाग्य / फॉर्च्यून. आपको सबसे उपयुक्त मदद मिलेगी. इस का इस्तेमाल करके आप आसानी से जीवन की सबसे जटिल परिस्थितियों को भी दूर कर लेंगे. प्यार में आप प्रतिद्वंद्विता और आक्रामकता से सावधान रहें. बहुत ज्यादा रुचि ना दिखयें नही तो हतोत्साहित होना पड़ेगा. सामन्य रहें और छल ना करें .आपका कैरियर खराब होगा , लेकिन आपने वैसे भी इस समय के लिए अपने मूल्यों को अलग ढंग से निर्धारित किया है. कम से कम समय समय पर अपने परिवार से मिलें.

कुंडली 2016 सिंह राशि

सिंह के लिए 2016 का प्रतीक रणनीति होगा। स्थिति शुरू से निराशाजनक लग सकती है, लेकिन आप इसे संभालने और हर बार जीतने में सक्षम हैं। बहुत गर्व करना अछ्छा नहीं होगा। इस साल की प्रमुख घटनायें विपरीत शील और उदारता में शामिल हैं। जरूरत में लोगों की मदद करें, वे आपको अच्छी तरह याद रखेंगे। जिस भी स्थिति से आप गुज़रेंगे, वह आपको ज़्यादा मज़बूत बनायेगी, काम और प्यार की असफलतायें भी। आप हार नहीं मानेंगे।

कुंडली 2016 कन्या राशि

2016 में कन्या रशि शक्ती के प्रतीक से चलेगी। लंबी अवधि की योजना तैयार करने के लिए सही समय है। आप अपनी बुद्धि और समझदारी से राज़ करेंगे। ज़िन्दगी मैं असफ़ल होने की संभावना बहुत कम है। रोजगार में सब कुछ ठीक रहेगा। यह समय प्यार पर ध्यान देने के लिए है। प्रारंभिक कठिनाइयों पर जीत हसिल करने के बाद , लगभग अंत में आप जनेंगे कि आप गलत राह पर हैं । वापस आने का अभी भी समय है । यह जरूरी नहीं कि आपका एक कदम वापस लेने का मतलब गलत चुनाव है। सावधानी से स्थिति देखें।

कुंडली 2016 तुला राशि

2016 में तुला रशि के साथ परिवर्तन का प्रतीक होगा। महत्वपूर्ण घटनाओं से डरने की जरूरत नहीं जिनका आपको इन्तज़ार है। भले ही शुरुआत में ऐसा ना लग रहा हो, लेकिन आप शक्ति के साथ बाहर आयेंगे। यह स्थिति बहुत बड़ी है। अपनी नाकामियों के लिए दूसरों को दोष देना ठीक नहीं होगा। पर्यावरण के बदलाव आपके लिए अनुरूप होंगे। सब लोग शांत हो जाऐंगे। कम से कम प्यार में आप भाग्य पर निर्भर हो सकते हैं। स्वास्थ्य के विषय में आप पहले से कहीं ज्यादा बेहतर होंगे।

कुंडली 2016 वृश्चिक राशि

वृश्चिक रशि 2016 में आशा के प्रतीक द्वारा निर्देशित की जाएगी। प्रमुख घटनायें प्रबोधन विषय के आसपास ही होंगी। सितारे गलत तरिके से आपका नेतृत्व करेंगे, लेकिन समय रेह्ते ही आपको ज्ञान हो जाऐगा। जिस समय आप मायूस महसूस करेंगे, उस समय आप अपने सच्चे मित्र से मिलेंगे । किसी करीबी से मदद आप के लिए नई प्रेरणा होगी। आप अंततः अपने लक्ष्य तक पहुंच जाऐंगे। प्यार में आसानी नहीं होगी। आप अपने परिवार पर हमेशा निर्भर रह सकते हैं।

कुंडली 2016 धनु राशि

वर्ष 2016 के लिए धनु का चिन्ह अस्वीकृति है. केवल आप ही अपना ही नुकसान कर रहें हैं. दूसरा कोई भी आपको विफल करने की कोशिश नहीं कर रहा है. यह स्वीकार करना बहुत ही मुश्किल है, लेकिन इस क्षण में आप करने में सक्षम हैं, आप जीत गये हैं. अंतत: पीछे जो कुछ हो चुका है उसे भूल जाएँ और इस वर्ष की महत्वपूर्ण घटना पर केन्द्रित करें, जो आत्म-प्रतिबिम्ब है. यथोचित रहना सीखें; दीवार में सिर न फोड़ें, इसके विपरीत कमियों को ढूँढें. इस युक्ति से आप प्रेम में सफल हो पायेंगें, काम में नहीं.

कुंडली 2016 मकर राशि

2016 में मकर घृणा के चिन्ह के साथ है. आपकी अँगुलियों से आकस्मिक लाभ की स्थितियां फिसल रही हैं. आप अपने समय और ओज को व्यर्थ गवां रहे हैं. यह बहुत ही अधिक निराशाजनक है. यह समय जागने का है. घमंड न करें और सलाह लें. सितारे आपको सही रास्ता दिखाएंगें, यदि आपको समझ आये, कि गल्ती कहाँ है. अगर आप इस आशावादी चाल को बनायें रखें, तो काम के स्थान पर आप बड़ी-बड़ी चीजें कर सकते हैं. अपना ध्यान उनकी तरफ करें जो आपके साथ खड़े रहते हैं और बाद में उनका ऋण लौटाएं.

कुंडली 2016 कुंभ राशि

2016 में शान्ति का चिन्ह कुम्भ को परामर्श देगा. जल्दी करने की कोई आवश्यकता नहीं है. आपको महत्वपूर्ण निर्णयों के लिए परिपक्व होना है. सितारे बताते हैं कि आपको अपने दिमाग के अनुसार चलना है न कि ह्रदय के अनुसार. आप उस समय प्रेम एवँ कामुकता का आनन्द उठायेंगें जब आप उन चीजों के बारे में सोचना बंद कर देंगें जो महत्वपूर्ण नहीं हैं. इस वर्ष की गई पेशेवर भागीदारी बहुत मजबूत और स्थिर होगी. तालमेल आपको हरेक क्षेत्र में अच्छे समय की ओर ले जाएगा, बस आपका स्वासथ्य थोड़ा चरमराएगा.

कुंडली 2016 मीन राशि

2016 में कामुकता एक ऐसा चिन्ह है जो मीन को प्रभावित करता है. आपकी अनुभूति की संवेदनशीलता अधिकतम पहुँच चुकी है. आपका ध्यान आसानी से बंट जाता है. किसी भी चीज के द्वारा स्वयं को सही रास्ते से हटने न दें. प्रेम में आप बहुत अच्छा करेंगें, संवेदनशीलता का धन्यवाद. आपका व्यवसाय बुरा रहेगा, लेकिन फिर भी आपके पास अन्य प्राथमिकताएँ रहेंगी. अपने भविष्य के बारे सोचें और बुद्धिमानी से निर्णय लें. स्वास्थय समस्याएं बहुत समय से आपसे दूर रह रही हैं, लेकिन याद रखें कि आप मशीन नहीं हैं.
वार्षिक राशिफल 2016

मेष वार्षिक राशिफल 2016


एस्ट्रोलोजर अरुण बंसल के अनुसार वर्ष 2016 में शनि वृश्चिक राशि में अष्टम भाव में रहेंगे। 09 जनवरी को राहु सिंह राशि में पंचम भाव में प्रवेश करेंगे। वर्ष के पूर्वार्द्ध में गुरु सिंह राशि में पंचम भाव में रहेंगे और 11 अगस्त को कन्या राशि में छठे भाव में प्रवेश करेंगे। मंगल वक्री होकर 20 फरवरी से 17 जून तक वृश्चिक राशि में अष्टम भाव में रहेंगे। 02 मई से 01 जुलाई तक शुक्र अस्त रहेंगे।

धन, व्यापार और कारोबार (Financial Prediction 2016)

साल 2016 की शुरुआत में मेष राशि के जातको को आर्थिक लाभ पाने के लिए मेहनत करनी होगी। सोच-समझकर पैसों का निवेश करें। साल 2016 के मध्य में कुछ आर्थिक समस्याएं हो सकती हैं इसलिए जितना हो सके पैसा बचाने पर ध्यान देना चाहिए। मेष राशि के जातको को साल के दूसरे पखवाड़े यानि जून के बाद कुछ सफलता मिल सकती है। आर्थिक स्थिति में सुधार और पूंजी में वृद्धि की संभावना भी है। आय के नए स्त्रोत मिल सकते हैं, साथ ही कोई नया कारोबार शुरू करने की योजना भी बन सकती है।

शिक्षा और करियर (Education and Career Forecast for 2016)

वर्ष 2016 में मेष राशि के छात्रों को सफलता मिलने के पूर्ण आसार हैं। इस साल दी गई परीक्षाओं का परिणाम हितकारी होगा। दोस्तों का पूर्ण सहयोग प्राप्त होगा।

नौकरीपेशा जातको के लिए साल 2016 अच्छा साबित हो सकता है। कार्यस्थल पर आपका व्यवहार आपकी सफलता में अहम रोल निभा सकता है। कला और सामाजिक कार्यों से जुड़े लोगों को अवश्य लाभ होगा। इस साल सफलता पाने के लिए परिश्रम भी करना होगा। वर्ष का उत्तरार्द्ध प्रतियोगी परीक्षा में भाग लेने वाले विद्यार्थियों के लिए अनुकूल है।

परिवार (Family Relations in Year 2016)

मेष राशि के जातको को वर्ष 2016 में पारिवारिक स्तर पर कुछ समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है लेकिन आपसी समझ और वाणी पर नियंत्रण आपको इससे निजात दिलाने में सहायक होगा।
इस साल बच्चे के स्वास्थ्य को लेकर चिंता हो सकती है। वर्ष 2016 में पिता और भाइयों के साथ वैचारिक मतभेद हो सकते हैं
लेकिन माता के साथ रिश्ते मजबूत होने की संभावना है, परेशानी में आपकी मदद के लिए मां आगे आ सकती हैं।
टिप्स: दांपत्य जीवन में सुख के लिए जरूरी है कि पति-पत्नी एक दूसरे की भावनाओं का सम्मान करें।

प्यार और रिश्ते (Love and Relation 2016)

मेष राशि के जातको के लिए वर्ष 2016 प्रेम संबंधों के लिए बहुत ही अच्छा साबित हो सकता है। मेष राशि के जो लोग किसी प्रेमी या प्रेमिका की तलाश में हैं उनकी तलाश पूरी होगी। प्रेम संबंधों को इस साल सफलता मिलने की संभावना है। प्रेम विवाह करने के भी योग हैं। अविवाहितों के लिए अच्छे रिश्ते आने की संभावना है। इस वर्ष के अंत तक आपके सच्चे और अच्छे साथी को पाने की तलाश खत्म हो सकती है।

स्वास्थ्य राशिफल (Health Horoscope in Hindi)

वर्ष 2016 में मेष राशि के जातको को स्वास्थ्य के प्रति बिलकुल भी परेशान होने की आवश्यकता नहीं है। कुछेक छोटी-मोटी समस्याओं के अतिरिक्त किसी बड़ी बीमारी के योग नहीं हैं। मौसमी बीमारियों और बारिश से होने वाली बीमारियों से अवश्य परेशानी हो सकती है। आरोग्यता वृद्धि यानि स्वस्थ रहने के लिए नियमित रूप से योगाभ्यास करना चाहिए।

यात्रा

वर्षारंभ में आप धार्मिक यात्राएं करेंगे। शनि ग्रह की दशम पर दृष्टि, नौकरी वालों के लिए स्थानांतरण का योग बना रही है, लेकिन यह तबादला उनके लिए अनुकूल रहेगा। किसी पर्वतीय पर्यटन स्थल पर जाना स्वास्थ्यवर्द्धक रहेगा। आपको ऐसे किसी स्थान पर जाने का शुभ अवसर भी प्राप्त होगा।

ग्रह शांति :

आपके लिए शनि, हनुमान व भगवती दुर्गा की आराधना करना विशेष लाभकारी रहेगा।
* शनिवार के दिन हनुमान जी को लड्डू का भोग लगाएं।
* गरीब लोगों की सहायता करें।
* शनि देव की उपासना करें।

वृषभ वार्षिक राशिफल 2016


एस्ट्रोलोजर अरुण बंसल के अनुसार वर्ष 2016 में शनि वृश्चिक राशि में सप्तम भाव में रहेंगे। 09 जनवरी को राहु सिंह राशि में चौथे भाव में प्रवेश करेंगे। वर्ष के पूर्वार्द्ध को गुरु सिंह राशि में चतुर्थ भाव में रहेंगे और 11 अगस्त को कन्या राशि में पंचम भाव में प्रवेश करेंगे। मंगल वक्री होकर 20 फरवरी से 17 जून तक वृश्चिक राशि में सप्तम भाव में रहेंगे। 02 मई से 01 जुलाई तक शुक्र अस्त रहेंगे।

धन, व्यापार और कारोबार (Financial Prediction 2016)

धन के मामले में वृषभ राशि के जातको के लिए वर्ष 2016 बहुत ही अच्छा साबित होगा। पूरे वर्ष आपकी आर्थिक स्थिति अच्छी रह सकती है। आय के नए स्त्रोत मिल सकते हैं। निवेश किए हुए धन का लाभ मिलेगा। शेयर बाजार या प्रॉपर्टी में पैसा लगाने के लिए यह साल उत्तम है। फिजूलखर्ची पर कंट्रोल कर आप अपनी सेविंग्स और फायदे को बढ़ा सकते हैं। पिता व गुरु जनों से सम्मान, सहयोग व धन प्राप्ति के मार्ग के खुलने का सौभाग्य भी प्राप्त होगा।

शिक्षा और करियर (Education and Career Forecast for 2016)

वृषभ राशि के छात्रों के लिए यह साल कड़ी मेहनत का समय है। इस साल की गई मेहनत का फल हो सकता है देर से मिले लेकिन मिलेगा अवश्य। प्रतियोगी परीक्षाओं के परिणाम के लिए कुछ और समय इंतजार करना पड़ सकता है। वर्ष के उत्तरार्द्ध में गुरु का पंचम भाव से गोचर प्रतियोगिता परीक्षाओं में श्रेष्ठतम सफलता के प्रबल संकेत दे रहा है। परिश्रम के बाद निश्चित रूप से ही सफलता मिलेगी।

वृषभ राशि के जातकों को वर्ष 2016 में अपने करियर पर विशेष ध्यान देना चाहिए। इस साल प्रमोशन पाने की राह में अड़चने आ सकती हैं। वर्ष की शुरुआत में अपने सहकर्मियों से किसी प्रकार का बैर मोल ना लें, अन्यथा आपको आने वाले समय में परेशानी हो सकती है। जिन जातको को अभी तक नौकरी नहीं मिली है उन्हें थोड़ा और धैर्य रखना चाहिए, आने वाले समय में आपको सफलता अवश्य मिलेगी।

परिवार (Family Relations in Year 2016)

वृषभ राशि के जातको के लिए वर्ष 2016 में पारिवारिक स्तर पर अधिक परेशान नहीं होना होगा। परिवार में सभी सदस्यों का सहयोग मिलेगा। संतान पक्ष से खुशियां हासिल हो सकती हैं। पत्नी से मतभेद होने की संभावना है और उनका स्वास्थ्य भी अच्छा नहीं रहेगा। वर्ष का कुछ समय अनावश्यक गृह-क्लेश में गुजर सकता है लेकिन यह समय बहुत छोटा होगा और जल्दी खत्म हो जाएगा। इस साल माता के साथ किसी प्रकार के विवाद से बचना चाहिए।

पिता और भाई के साथ रिश्ते मजबूत होंगे। मुश्किल घड़ी में सगे-संबंधियों और परिजनों का सहयोग मिलेगा। इस साल परिजनों की सलाह आपको फायदा पहुंचा सकती है।

प्यार और रिश्ते (Love and Relation 2016)

वर्ष 2016 वृषभ राशि के जातको के लिए प्रेम-संबंधों में मिठास घोलने वाला सिद्ध हो सकता है। इस साल आपके प्रेम संबंध मजबूत हो सकते हैं। साल 2016 की शुरूआत में रिश्तों को लेकर थोड़ा परेशान होना पड़ सकता है। लेकिन इस समय के बाद आपकी लव लाइफ एकदम स्मूथ चलेगी। रिश्तों में शक को आने ना दें।
टिप्स (Tips): अपने पार्टनर के ऊपर विश्वास बनायें रखें।

स्वास्थ्य राशिफल (Health Horoscope in Hindi)

वर्ष 2016 में वृषभ राशि के जातको को स्वास्थ्य के प्रति अधिक परेशान नहीं होना होगा। हालांकि जीवनशैली से संबंधित बीमारियों जैसे गैस, बदहजमी आदि पर अगर गौर नहीं किया गया तो आने वाले समय में यह आपके लिए चिंता का विषय बन सकता है। इस साल खान-पान की आदतों पर कंट्रोल करने की कोशिश करें। बदलते मौसम से होने वाली बीमारियां परेशान कर सकती हैं लेकिन इनसे अधिक घबराने की जरूरत नहीं होगी। 11 अगस्त के बाद गुरु ग्रह का गोचर आपके लिए शारीरिक आरोग्यता प्रदान करने वाला होगा, परंतु मानसिक चिंताएं बनी रहेंगी।

यात्रा

वर्ष के पूर्वार्द्ध में आप अपने जन्म स्थान का रूख कर सकते हैं। जिस जगह आप चाहते हैं वहां आपका ट्रांसफर हो सकता है लेकिन इसमें कुछ समस्याएं आ सकती हैं। अगस्त के बाद गुरु ग्रह का गोचर धार्मिक स्थान या अपने पूर्वजों से संबंधित स्थान की यात्रा का योग बना रहा है।

ग्रह शांति :

* गुरुवार के दिन बेसन के लड्डू धार्मिक स्थान पर बांटे।
* साधु, संन्यासी एवं गरीब बच्चों को भोजन कराएं।
* अपने माता-पिता को तीर्थ यात्रा या धार्मिक स्थानों के दर्शन कराएं।

मिथुन वार्षिक राशिफल 2016


एस्ट्रोलोजर अरुण बंसल के अनुसार वर्ष 2016 शनि वृश्चिक राशि में छठे भाव में रहेंगे। 09 जनवरी को राहु सिंह राशि में तीसरे भाव में प्रवेश करेंगे। वर्ष के पूर्वार्द्ध को गुरु सिंह राशि में तीसरे भाव में रहेंगे और 11 अगस्त को कन्या राशि में चतुर्थ भाव में प्रवेश करेंगे। मंगल वक्री होकर 20 फरवरी से 17 जून तक वृश्चिक राशि में छठे भाव में रहेंगे। 02 मई से 01 जुलाई तक शुक्र अस्त रहेंगे।

धन, व्यापार और कारोबार (Financial Prediction 2016)

एस्ट्रोलोजर अरुण बंसल के अनुसार वर्ष 2016 की शुरुआत में मिथुन राशि के जातको को कुछ आर्थिक परेशानियों से गुजरना पड़ सकता है। वर्ष के अंत में हालांकि समस्याएं खत्म हो जाएंगी। थोड़े उतार-चढ़ाव के साथ घर की आर्थिक स्थिति सामान्य रहेगी। आय के अन्य स्त्रोत हासिल होंगे। इस वर्ष यदि आप महँगी वस्तुएं नकदी रूप में खरीदे तो आपके लिए अच्छा साबित होगा।

बिजनेस में इस साल सोच-समझ कर पैसा लगाएं। यदि शेयर बाजार से जुड़े हैं तो अच्छे लाभ मिलने की उम्मीद बन रही है। आप नयी संपत्ति या वाहन आदि के क्रय में भी निवेश करेंगे। इस साल पैसा आता-जाता रहेगा इसलिए अधिक समस्या महसूस नहीं होगी। टिप्स (Tips): किसी से लोन लेने या कर्ज लेने पर विचार ना करें, कर्ज लेने से परेशानी हो सकती है।

शिक्षा और करियर (Education and Career Forecast for 2016)

वर्ष 2016 में मिथुन राशि के छात्रों को थोड़ी अधिक मेहनत करनी होगी। कार्यस्थल पर आपके कार्य में बढ़ोत्तरी होगी, जिससे आप पर काम का दबाव अधिक हो सकता है। ऐसी स्थिति में आपको धैर्य और बुद्धिमत्ता से अपना काम संभालना होगा।

वर्ष के दूसरे भाग में आपकी सारी परेशानियां आपको समाप्त होती दिखाई देंगी। आपको आपकी मेहनत के लिए सम्मान और सराहना मिलने की उम्मीद है। यह वर्ष मीडिया, आईटी और इंजीनियरिंग क्षेत्र में कार्यरत लोगों के लिए भी काफी शुभ होगा।

परिवार (Family Relations in Year 2016)

मिथुन राशि के जातको के लिए वर्ष 2016 दांपत्य जीवन के लिए बहुत ही शुभ हो सकता है। संबंधों में मजबूती बनी रहेगी। छोटे- छोटे विवादों से रिश्ते में तनाव की स्थिति उत्पन्न हो सकती है, परंतु इससे चिंतित होने की आवश्यकता नहीं हैं। समय के साथ रिश्तों में आई दरारें भर जाएंगी।

प्यार और रिश्ते (Love and Relation 2016)

मिथुन राशि के जातक स्वभाव से ही बहुत रोमांटिक होते हैं। इनका स्वभाव में है कि यह किसी एक स्थान पर अधिक ध्यान केंद्रित नहीं कर सकते हैं। वर्ष 2016 में चीजों का आनंद पाने के लिए इस राशि को अपने स्वभाव में थोड़ा परिवर्तन करना पड़ सकता है। यह वर्ष आपके लिए आनंदमय होगा, आपके जीवन में परेशानियों का योग दूर दूर तक नहीं है। इसलिए यह कहना गलत न होगा कि "यह वर्ष आपको ढेरों खुशियां देने वाला है।"

स्वास्थ्य राशिफल (Health Horoscope in Hindi)

वर्ष 2016 में मिथुन राशि के जातको का स्वास्थ्य औसत रहने की संभावना है। मौसम बदलने के समय स्वास्थ्य के प्रति अत्यधिक सावधानी बरतनी पड़ सकती है। खान- पान पर विशेष ध्यान देना आवश्यक होगा। इसके साथ ही कंधों, जननांगों और लिवर संबंधी कुछ परेशानियों का सामना भी करना पड़ सकता है। नियमित योग द्वारा आप इन बीमारियों से निजात पाने में सफल हो सकेंगे। आपके पराक्रम तथा कार्य क्षमताओं का विकास होगा। आपके व्यक्तिगत, सामाजिक तथा राजनैतिक प्रभाव में वृद्धि के कारण आपके शत्रु भी मित्रवत व्यवहार करेंगे व आपकी सामाजिक प्रतिष्ठा का लोहा मानेंगे।

यात्रा:

यात्रा की दृष्टि से समय बहुत अनुकूल है। संबंधियों तथा सामाजिक संगठनों से संबंधित गतिविधियों को लेकर निरंतर यात्राएं करते रहेंगे। आपका मनोवांछित स्थल पर स्थानांतरण भी हो जाएगा।

ग्रह शांति:

* घर में श्रीयंत्र की स्थापना करके नियमित रूप से श्रीसूक्त और लक्ष्मी सूक्त का पाठ करें। आपके सौभाग्य में वृद्धि होगी।
* भण्डारा कर अपने हाथों से लोगों को भोजन करायें।
* गाय को पालक खिलाएं।

कर्क वार्षिक राशिफल 2016


एस्ट्रोलोजर अरुण बंसल के अनुसार वर्ष 2016 में शनि वृश्चिक राशि में पंचम भाव में रहेंगे। 09 जनवरी को राहु सिंह राशि में दूसरे भाव में प्रवेश करेंगे। वर्ष के पूर्वार्द्ध को गुरु सिंह राशि में दूसरे भाव में रहेंगे और 11 अगस्त को कन्या राशि में तीसरे भाव में प्रवेश करेंगे। मंगल वक्री होकर 20 फरवरी से 17 जून तक वृश्चिक राशि में पंचम भाव में रहेंगे। 02 मई से 01 जुलाई तक शुक्र अस्त रहेंगे।

धन, व्यापार और कारोबार (Financial Prediction 2016)

वर्ष 2016 में कर्क राशि के जातक अगर सावधानी के साथ अपना पैसा लगाएं, तो इस साल धन प्राप्ति के अच्छे योग हैं। कारोबारियों के लिए भी यह वर्ष काफी शुभ है। लेकिन क्रोध व अहंकार से दूरी बनाए रखेंगे तो अच्छा होगा। अगस्त के बाद जुए, लॉटरी जैसे अनैतिक कार्यों से दूर रहें, नहीं तो आर्थिक स्थिति कमजोर हो सकती है। जोखिम भरे कार्यों में धन का निवेश करने से बचें वरना आर्थिक हानि हो सकती है। पैसे के लेन-देन के प्रति अधिक सतर्कता बरतने की आवश्यकता है।

शिक्षा और करियर (Education and Career Forecast for 2016)

वर्ष 2016 कर्क राशि के छात्रों के लिए सफलता और प्रतिष्ठा दिलाने वाला सिद्ध होगा। इस साल प्रतियोगी परीक्षाओं और अन्य सभी परीक्षाओं में बेहतर परिणाम आने के आसार हैं। सितारे आपके साथ हैं लेकिन इसके बावजूद कुछ कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है। ऐसी स्थिति में आपको हिम्मत रखनी होगा।

कर्क राशि के नौकरीपेशा जातकों को अपने जूनियर्स के साथ किसी प्रकार के वाद-विवाद से बचना चाहिए अन्यथा मान-हानि हो सकती है। नौकरी की तलाश में लगे युवाओं को सफलता अवश्य मिलेगी। साथ ही जो लोग नौकरी बदलना चाहते हैं उनके लिए भी समय अच्छा है। इस साल प्रमोशन मिलने के भी योग हैं।

परिवार (Family Relations in Year 2016)

कर्क राशि के जातको को वर्ष 2016 में अपने वैवाहिक जीवन में छोटी छोटी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। अपने गुस्से पर काबू रख आप स्थिति को बाहर जाने से रोक सकते हैं। वर्ष के अंतिम महीनों में परिस्थितियां सामान्य हो सकती हैं, तब तक धैर्य और संयम रखने का प्रयास करें। वर्ष के पूर्वार्ध में जीवनसाथी के साथ रिश्ते मजबूत होने की संभावना है। जीवनसाथी के साथ कुछ बेहतरीन समय गुजारने के मौके मिल सकते हैं। आपकी संतान के व्यावसायिक जीवन, नौकरी, व्यापार आदि में पूर्ण तरक्की के योग बने हुए हैं।

प्यार और रिश्ते (Love and Relation 2016)

प्यार-मोहब्बत के लिए साल 2016 कर्क राशि के जातको के लिए अनुकूल है। इस वर्ष अगर किसी को प्रपोज करने का सोच रहें हैं तो कर दें, देर ना करें। अधिक उम्र के किसी शख्स की तरफ लगाव बढ़ सकता है। अगर अभी तक आप प्यार में अकसर फेल हो जाते हैं तो परेशान ना हो, समय आने पर आपको सच्चा साथी जरूर मिलेगा। अगर किसी के साथ रिश्ते में हैं तो उसे मजबूत बनाने का प्रयास करें।

स्वास्थ्य राशिफल (Health Horoscope in Hindi)

वर्ष 2016 में कर्क राशि के जातको को स्वास्थ्य संबंधी कुछ परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। गलत खानपान या फास्ट फूड की लत के कारण पेट से संबंधित बीमारियों से दो-चार होना पड़ सकता है। स्वास्थ्य समस्याओं को नजरअंदाज ना करें और समय पर चिकित्सक की सलाह लें। स्वस्थ जीवनशैली अपनाकर और नियमित व्यायाम कर इस साल आप कई बीमारियों से बच सकते हैं।

यात्रा

वर्ष के पूर्वार्द्ध में यात्राओं का विशेष योग नहीं है, उत्तरार्द्ध में कार्य व्यवसाय से संबंधित यात्रा भी होंगी। नौकरी करने वालों के लिए स्थान परिवर्तन करना अनुकूल नहीं होगा अर्थात इच्छानुसार स्थान नहीं मिलेगा व परिवारजनों से दूर रहना पड़ सकता है।

ग्रह शांति :

* काली गाय की सेवा करें या गौशाला में अपने हाथों से चारा दान करें।
* अमावस्या तिथि को किसी ब्राह्मण को भोजन कराएं।
* शनिवार के दिन तला हुआ खाद्य पदार्थ गरीबों को दान करें।

सिंह वार्षिक राशिफल 2016


एस्ट्रोलोजर अरुण बंसल के अनुसार वर्ष 2016 में शनि वृश्चिक राशि में चतुर्थ भाव में रहेंगे। 09 जनवरी को राहु सिंह राशि में प्रथम भाव में प्रवेश करेंगे। वर्ष के पूर्वार्द्ध को गुरु सिंह राशि में प्रथम भाव में रहेंगे और 11 अगस्त को कन्या राशि में दूसरे भाव में प्रवेश करेंगे। मंगल वक्री होकर 20 फरवरी से 17 जून तक वृश्चिक राशि में चतुर्थ भाव में रहेंगे। 02 मई से 01 जुलाई तक शुक्र अस्त रहेंगे।

धन, व्यापार और कारोबार (Financial Prediction 2016)

सिंह राशि के जातको के लिए वर्ष 2016 बेहद शुभ साबित हो सकता है। इस वर्ष आपको आर्थिक स्थिति को लेकर चुनौतियों का सामना नहीं करना पड़ेगा। वर्ष के दूसरे भाग में आपकी किस्मत और भी तेज हो सकती है। कम मेहनत से भी अधिक आमदनी की संभावना है।

अपना बिजनेस करने वाले जातको के लिए यह साल मुनाफा कमाने वाला साबित हो सकता है। रियल इस्टेट से जुड़े लोगों को कुछ नुकसान हो सकता है। कहीं से अप्रत्याशित लाभ मिलने की संभावना है। इस साल शेयर बाजार में निवेश करना भी लाभदायक हो सकता है हालांकि इसके लिए वर्ष 2016 के मध्य तक का इंतजार करना शुभ होगा। ऑनलाइन खरीदारी में सावधानी बरतें अन्यथा भारी नुकसान हो सकता है। 11 अगस्त के बाद जमा धन में वृद्धि, आभूषण प्राप्ति तथा पारिवारिक सुख- शांति व समृद्धि के शुभ योग और प्रबल होंगे।

शिक्षा और करियर (Education and Career Forecast for 2016)

सिंह राशि के छात्रों के लिए साल 2016 बेहतरीन साबित हो सकता है। अगर आपने थोड़ी भी मेहनत की है तो उसका पूरा फल अवश्य मिलेगा। शिक्षकगण आपसे प्रसन्न रहेंगे और परीक्षा में सफलता पाने के योग हैं। वर्ष 2016 नौकरीपेशा जातको के लिए भी शुभ होगा। इस समय बैंकिंग या प्रबंधन जैसे क्षेत्रों की पढ़ाई के लिए समय अनुकूल है। इस राशि के जातक भले ही किसी भी क्षेत्र में कार्यरत क्यों न हों उन्हें सराहना, सहयोग और ऐसी खुशी मिलने की संभावनाएं बन रही हैं जिनका वह काफी समय से इंतजार कर रहे हैं। आपके द्वारा शुरू किया गया हर काम समय पर पूरा होने का योग है। साथ ही आपको नौकरी के अलावा अन्य स्त्रोतों से भी उचित लाभ प्राप्त हो सकता है। नौकरी की तलाश में लगे युवाओं को अच्छे ऑफर मिल सकते हैं। वर्ष का उत्तरार्द्ध और अधिक शुभ होगा। साथ ही आप बेहतर मार्केटिंग के बल पर अपने व्यापार से और अधिक मुनाफा कमाने में सक्षम होंगे।

परिवार (Family Relations in Year 2016)

वर्ष 2016 सिंह राशि के लोगों के लिए बहुत ही शुभ है। थोड़े बहुत उतार चढ़ाव के साथ आपके जीवन में खुशियां बनी रहेंगी। जीवन साथी के साथ प्यार भरा संबंध रहेगा। इसके अलावा पिता के साथ आपके संबंध अच्छे रहेंगे परंतु माता के साथ मतभेद हो सकता है। वर्षारंभ में संतान के जन्म की संभावनाएं तथा परिवार में इस कारण प्रसन्नता का वातावरण बनने के शुभ योग बनेंगे। यह वर्ष संतान की अचानक तरक्की के लिए विशेष सौभाग्यदायक है।

वर्ष के उत्तरार्द्ध में गुरु ग्रह के द्वितीय भाव में गोचर होने से पारिवारिक सुख-शांति व समृद्धि के शुभ योग बनेंगे। परिवार के सदस्यों की संख्या में वृद्धि के भी योग बनेंगे। इसके अलावा आपके चाहने वालो और रिश्तेदारों के साथ आपके अच्छे संबंध होंगे।

प्यार और रिश्ते (Love and Relation 2016)

2016 का पूरा वर्ष आपके लिए बहुत शुभ साबित होगा। पूरे साल आपके प्रेम.संबंधों में मिठास बनी रहेगी। जीवन रोमांस और हसीन लम्हों से परिपूर्ण रहेगा। प्रेम विवाह के लिए साल बेहद शुभ है। यह वर्ष आपके जीवन में शांति, प्यार, मोहब्बत, सामंजस्य और समझदारी की बहार लेकर आएगा। अगस्त के बाद आपका प्रेम संबंध और मजबूत हो सकता है। अविवाहितों को भी अच्छे रिश्ते मिलेंगे।

स्वास्थ्य राशिफल (Health Horoscope in Hindi)

वर्ष 2016 में सिंह राशि के जातक स्वास्थ्य के धनी बने रहेंगे। स्वास्थ्य की दृष्टि से समय बहुत अनुकूल है, आप अपने आप को एक हरफनमौला के रूप में आत्म विश्वास व स्फूर्ति से परिपूर्ण महसूस करेंगे। हालांकि इस साल थोड़े समय के लिए आपको मानसिक परेशानियां झेलनी पड़ सकती हैं। परंतु यह परेशानियां जल्द ही समाप्त हो जाएंगी। खान पान पर ध्यान ना देने के कारण मोटापे, कमर दर्द या पेट की समस्या हो सकती है। आपको अपने सेहत के प्रति थोड़ा सजग रहने की आवश्यकता है।

यात्रा:

वर्ष के पूर्वार्द्ध में यात्रा का योग बहुत कम है। आप अपने जन्म स्थान से जुड़ी गतिविधियों में भाग लेंगे। मनोवांछित स्थल पर यात्रा अथवा स्थानांतरण के भी कुछ योग बने हुए हैं।

ग्रह शांति:

* अपनी दिनचर्या सही करें, तामसिक वस्तुओं का सेवन कम करें।
* रोजाना सूर्य, शिवलिंग व पीपल को जल चढ़ाएं।
* शनिवार को काली वस्तुओं, काला कपड़ा, काली दाल तथा सरसों के तेल का दान करें।

कन्या वार्षिक राशिफल 2016


एस्ट्रोलोजर अरुण बंसल के अनुसार वर्ष 2016 में शनि वृश्चिक राशि में तृतीय भाव में रहेंगे। 09 जनवरी को राहु सिंह राशि में बारहवें भाव में प्रवेश करेंगे। वर्ष के पूर्वार्द्ध को गुरु सिंह राशि में बारहवें भाव में रहेंगे और 11 अगस्त को कन्या राशि में पहले भाव में प्रवेश करेंगे। मंगल वक्री होकर 20 फरवरी से 17 जून तक वृश्चिक राशि में तृतीय भाव में रहेंगे। 02 मई से 01 जुलाई तक शुक्र अस्त रहेंगे।

धन, व्यापार और कारोबार (Financial Prediction 2016)

कन्या राशि के जातको को वर्ष 2016 के शुरुआत में आर्थिक स्तर पर सतर्क रहना चाहिए। बिजनेस में पार्टनरशिप करने के लिए थोड़ा इंतजार करें। साथ ही अगर कहीं पैसा निवेश करना चाहते हैं तो भी समय अनुकूल नहीं है। वर्ष की दूसरी छमाही में हालात बेहतर होंगे, उस दरमियान किसी निवेश के बारे में सोचना फायदेमंद होगा।
पैसों के मामलों में पूरी तरह सतर्कता बरतें।

शिक्षा और करियर (Education and Career Forecast for 2016)

वर्ष 2016 कन्या राशि के छात्रों के लिए अत्यंत शुभ साबित हो सकता है। परीक्षा के परिणाम अनुकूल होंगे। पूरे साल सितारे आपके साथ हैं, मन लगाकर तैयारी करने से परिणाम मनमाफिक होंगे।

जो लोग नौकरी की तलाश में हैं और करियर शुरू करना चाहते हैं, उन्हें सफलता अवश्य मिलेगी। मीडिया या कला के क्षेत्र में कार्यरत लोगों को लाभ हो सकता है। इस साल नौकरी में किसी प्रकार की परेशानी नहीं होगी। सीनियर्स और बॉस का साथ मिलने के आसार हैं। वर्ष के अंत में प्रमोशन के भी योग हैं।

परिवार (Family Relations in Year 2016)

वर्ष 2016 में कन्या राशि के जातको को पारिवारिक स्तर पर थोड़ा परेशान होना पड़ सकता है। जीवनसाथी के साथ वाद विवाद से बचने का प्रयास करें, अन्यथा रिश्तों में दरार पड़ सकती है। आपसी मतभेद को बातचीत से ठीक करने का प्रयास करें।

प्यार और रिश्ते (Love and Relation 2016)

कन्या राशि के जातकों के लिए वर्ष 2016 प्यार के मामले में बेहतरीन साबित हो सकता है। प्रेम संबंधों की शुरूआत तथा विवाह के लिए यह वर्ष बहुत ही अच्छा है। जो लोग पहले से ही प्रेम बंधन में बंधे हुए हैं उनके लिए भी यह साल प्यार में सफलता पाने वाला साबित हो सकता है।

हालांकि पार्टनर के शक्की स्वभाव और उन्हें समय ना देने के कारण कुछ जातकों के रिश्ते खराब हो सकते हैं जिसे नियंत्रित किया जा सकता है। इसलिए किसी पर लांछन या शक करने से पहले अच्छी तरह सोच-विचार लें।

स्वास्थ्य राशिफल (Health Horoscope in Hindi)

वर्ष 2016 में कन्या राशि के लिए स्वास्थ्य एक चिंता का कारण बन सकता है। इसके साथ ही जातक को मानसिक तनाव तथा शारीरिक परेशानियों से भी गुजरना पड़ सकता है। हालांकि सात्विक आहार और नियमित योग करने से इन परेशानियों से निजात मिल सकता है। वर्ष के उत्तरार्द्ध में स्वास्थ्य में वांछित सुधार होना आरंभ हो जाएगा व आपकी कार्य क्षमताएं भी विकसित होंगी।

यात्रा:

बार-बार यात्राएं होती रहेंगी। इन यात्राओं से आपको लाभ भी प्राप्त होगा। व्यापार से जुड़े व्यक्तियों के लिए व्यवसाय संबंधित विदेश यात्रा होने का प्रबल योग बन रहा है, विदेश जाकर उच्च शिक्षा प्राप्त करने वालों के लिए समय बहुत शुभ है।

ग्रह शांति:

* द्विज, देव, ब्राह्मण, बुजुर्ग, गुरु व मंदिर के पुजारी की सेवा सुश्रूषा करें।
* पीली दाल, केला व बेसन की मिठाई मंदिर में दान करें।
* गुरुवार का व्रत करें।

तुला वार्षिक राशिफल 2016


एस्ट्रोलोजर अरुण बंसल के अनुसार वर्ष 2016 में शनि वृश्चिक राशि में द्वितीय भाव में रहेंगे। 09 जनवरी को राहु सिंह राशि में ग्यारहवें भाव में प्रवेश करेंगे। वर्ष के पूर्वार्द्ध को गुरु सिंह राशि में ग्यारहवें भाव में रहेंगे और 11 अगस्त को कन्या राशि में 12वें भाव में प्रवेश करेंगे। मंगल वक्री होकर 20 फरवरी से 17 जून तक वृश्चिक राशि में द्वितीय भाव में रहेंगे। 02 मई से 01 जुलाई तक शुक्र अस्त रहेंगे।

धन, व्यापार और कारोबार (Financial Prediction 2016)

आर्थिक दृष्टिकोण से यह वर्ष अनुकूल रहेगा। एकादश स्थान का राहु व गुरु अचानक धन प्राप्ति करायेंगे वर्ष के पूर्वार्द्ध में धनागमन के योग बने हुए हैं उसके साथ-साथ पैतृक धन मिलने के योग भी बन रहे हैं, यदि किसी नये कार्य में धन निवेश करेंगे तो उसमें लाभ प्राप्त होगा। वर्ष के उत्तरार्द्ध में कोई बड़ा निवेश न करें। यदि निवेश करना पड़े तो बहुत सोच-विचार कर ही निर्णय लें नहीं तो इच्छित लाभ की प्राप्ति नहीं होगी। पैसों के लेन-देन में जल्दबाजी ना करें। दोस्तों या किसी भरोसेमंद से धोखा मिलने की आशंका है। प्रॉपर्टी में निवेश से पहले किसी बड़े-बुजुर्ग की सलाह आपके लिए फायदेमंद हो सकती है। फिजूलखर्ची और कर्जा लेने से बचें। परिवार में किसी सदस्य का स्वास्थ्य खराब होगा जिसमें आपका धन खर्च हो सकता है।

शिक्षा और करियर (Education and Career Forecast for 2016)

नौकरी-पेशे में लगे हुए तुला राशि के जातको के लिए वर्ष 2016 सामान्य रहने वाला है। इस दौरान यदि आपको कोई लाभ नहीं प्राप्त होगा तो किसी प्रकार की हानि भी होती नहीं दिखाई दे रही है। वर्ष के शुरूआत में आपको खुशियां अवश्य मिलेंगी। ऑफिस में बॉस और सहकर्मियों का इसके साथ ही, वरिष्ठजनों और सहकर्मियों का भरपूर सहयोग मिलने की संभावना है। नौकरी की तलाश में लगे युवाओं को भी इस साल सफलता मिल सकती है। साथ ही प्रमोशन और सैलरी में बढ़ोत्तरी का भी योग है।

छात्रों के लिए यह साल सामान्य रहेगा। परीक्षाओं में सफलता पूरी तरह मेहनत पर निर्भर होगी। शिक्षकों और किसी बड़े का सहयोग मिल सकता है।

परिवार (Family Relations in Year 2016)

वर्ष 2016 में तुला राशि पर शनि का प्रभाव है, इस कारण हो सकता है कि पारिवारिक स्थिति थोड़ी चिंताजनक हो। परिवारजनों से मतभेद होने के आसार हैं लेकिन अपने गुस्से पर काबू किसी भी अप्रिय स्थिति से बचा जा सकता है। अन्य संबंधों के इतर माता-पिता के साथ रिश्तों में सुधार होगा। वर्ष के उत्तरार्द्ध में मानसिक तनाव हो सकता है। माता के स्वास्थ्य में सुधार होगा।

प्यार और रिश्ते (Love and Relation 2016)

तुला राशि के जातको को साल 2016 में प्रेम-संबंधों में सफलता मिलने की संभावना कम है। प्रेमी या प्रेमिका के साथ बातचीत करते समय क्रोध ना करें अन्यथा संबंध और भी खराब हो सकते हैं। आपको याद रखना चाहिए कि सुझ-बुझ और ठंडे दिमाग के साथ हैंडल किए गए रिश्ते जरूर कामयाब होते हैं।

अविवाहितों को अच्छे रिश्ते के लिए और इंतजार करना पड़ सकता है। लेकिन समय आने पर अच्छे रिश्ते अवश्य आएंगे।

स्वास्थ्य राशिफल (Health Horoscope in Hindi)

तुला राशि के जातको पर वर्ष 2016 में शनि की दशा है। इस कारण कई क्षेत्रों में थोड़ा परेशान होना पड़ सकता है। स्वास्थ्य भी ऐसा ही एक क्षेत्र है जहां आपको परेशान होना पड़ सकता है। मौसमी बिमारियों से बचाव का उपाय पहले से कर के रखें। बीमारी के गंभीर होने से पहले उसके प्रति सचेत रहना उचित होगा।

यदि कोई पुरानी बीमारी नहीं है तो सामान्यतः स्वास्थ्य अच्छा रहेगा यदि कोई पुरानी बीमारी है, तो साल के दूसरे भाग में स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान रखें।

यात्रा:

व्यावसायिक व्यक्तियों के लिए यात्रा के योग बने हुए हैं, आप अपने कार्य व्यवसाय में उन्नति प्राप्ति हेतु विदेश यात्राएं करते रहेंगे और इस यात्रा से आपको बहुत लाभ प्राप्त होगा। नौकरी करने वालों के लिए स्थानांतरण का प्रबल योग बना हुआ है 11 अगस्त के बाद यात्रा करते समय सावधानी बरतें नहीं तो सामान खोने या चोरी होने की संभावना बन सकती है।

धर्म-कार्य एवं ग्रह शांति के उपाय:

* शुक्रवार के दिन कुंवारी कन्या को खीर खिलाएं।
* शनिवार के दिन सरसों के तेल में अपना चेहरा देखें व मंदिर में दान करें।
* शनिवार को काली वस्तुओं, काला कपड़ा, काली दाल का दान करें।

वृश्चिक वार्षिक राशिफल 2016


एस्ट्रोलोजर अरुण बंसल के अनुसार वर्ष 2016 में शनि वृश्चिक राशि में प्रथम भाव में रहेंगे। 09 जनवरी को राहु सिंह राशि में दसवें भाव में प्रवेश करेंगे। वर्ष के पूर्वार्द्ध को गुरु सिंह राशि में दसवें भाव में रहेंगे और 11 अगस्त को कन्या राशि में 11वें भाव में प्रवेश करेंगे। मंगल वक्री होकर 20 फरवरी से 17 जून तक वृश्चिक राशि में प्रथम भाव में रहेंगे। 02 मई से 01 जुलाई तक शुक्र अस्त रहेंगे। वर्ष 2016 में व्यापारियों को अच्छा लाभ मिल सकता है। साल 2016 में आय के नए स्त्रोत मिलेंगे। इस साल लक्ष्मी जी वृश्चिक राशि के जातको पर बेहद प्रसन्न हैं, उन्हें इस साल छोटे व्यवसाय से भी अच्छा मुनाफा हो सकता है। मुसीबत के समय दोस्तों से भी पैसे मिल सकते हैं। हालांकि अगस्त से पहले किसी का निवेश करना लाभदायक नहीं है। अगस्त के बाद शेयर मार्केट या किसी अन्य जगह लगाए धन से लाभ हो सकता है।

शिक्षा और करियर (Education and Career Forecast for 2016)

साल 2016 में नौकरीपेशा लोगों को थोड़ी परेशानी हो सकती है। ऑफिस में किसी के व्यवहार से आपको परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। अपने गुस्से पर काबू रखकर इन परेशानियों से बच सकते है। अगस्त के महीने तक अपने गुस्से पर काबू रखें तो अच्छा होगा। सीनियर्स का सम्मान करें, आने वाले समय में आपको इनकी आवश्यकता पड़ सकती है। नये पाठ्यक्रम में प्रवेश लेना चाह रहे हैं तो समय अनुकूल है। जुलाई के बाद प्रतियोगिता परीक्षा में सफल होंगे।

परिवार (Family Relations in Year 2016)

वर्ष 2016 में वृश्चिक राशि के जातकों के लिए पारिवारिक स्तर पर बेहतरीन रहने वाला है। इस साल भाई-बहनों का सहयोग मिलेगा। नए मित्र बनेंगे। हालाँकि साल के कुछ दिनों में परिवार की तरफ से कुछ समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। सप्तम भाव पर शनि की दृष्टि पत्नी के स्वास्थ्य को खराब कर सकती है वर्ष के दूसरे भाग में यानि अगस्त के बाद पारिवारिक संबंधों में मधुरता आने की संभावना है। माता के साथ विवाद हो सकता है जबकि पिता का आपको पूरा सहयोग मिलेगा। वैवाहिक जीवन को खुशहाल बनाने के लिए आपको जीवनसाथी के साथ सामंजस्य बैठाना होगा।

प्यार और रिश्ते (Love and Relation 2016)

वर्ष 2016 में वृश्चिक राशि के जातकों के लिए प्रेम-संबंधों का अच्छा योग है। इस वर्ष प्रेम संबंधों में सफलता मिलने की पूरी संभावना है। अगर साल के शुरूआत में प्रेम संबंधों में कुछ परेशानी आए तो इससे घबराना नहीं चाहिए। अगस्त के बाद प्रेम संबंधों में सफलता के योग हैं। अगर किसी को प्रपोज करना चाहते हैं तो अगस्त तक का इंतजार करना चाहिए। रिश्तों में अगर कोई मनमुटाव या गलतफहमी हो तो उसे जल्द से जल्द दूर करने का प्रयास करना चाहिए।

स्वास्थ्य राशिफल (Health Horoscope in Hindi)

लग्न स्थान में शनि की स्थिति स्वास्थ्य के लिए कुछ तनावपूर्ण होती है। खान-पान पर विशेष ध्यान दें, यह एक अच्छे स्वास्थ्य के लिए बेहद जरूरी चीज होती है। इस साल आलस्य के कारण शरीर में भारीपन, मोटापे या चिड़चिड़ाहट आदि की समस्या भी हो सकती है। साल 2016 में वृश्चिक राशि के जातको को अपनी जीवनशैली पर ध्यान देना चाहिए। हृदय और पेट संबंधी कुछ परेशानी हो सकती हैं, हालांकि यह अल्पकालीन होंगी।

यात्रा:

तृतीय स्थान पर शनि की दृष्टि छोटी यात्रा को दर्शाती है। इस वर्ष विदेश यात्रा के योग कम बन रहे हैं। लेकिन व्यवसाय संबंधित छोटी यात्राएं होती रहेंगी। वर्ष के उत्तरार्द्ध में विवाह, साझेदारी तथा व्यापार में विस्तार की योजनाएं व नौकरी में उन्नति के चलते यात्राएं निश्चित रूप से होंगी।

ग्रह शांति के उपाय:

* गरीब लोगों की सहायता करें और उनको काली वस्तु दान करें।
* शनिवार के दिन सरसों के तेल में अपना चेहरा देखें व मंदिर में दान करें।
* पुरानी बीमारी है, तो साल के दूसरे भाग में स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान रखें।

धनु वार्षिक राशिफल 2016


एस्ट्रोलोजर अरुण बंसल के अनुसार वर्ष 2016 में शनि वृश्चिक राशि में बारहवें भाव में रहेंगे। 09 जनवरी को राहु सिंह राशि में नवें भाव में प्रवेश करेंगे। वर्ष के पूर्वार्द्ध को गुरु सिंह राशि में नवें भाव में रहेंगे और 11 अगस्त को कन्या राशि में 10वें भाव में प्रवेश करेंगे। मंगल वक्री होकर 20 फरवरी से 17 जून तक वृश्चिक राशि में बारहवेंें भाव में रहेंगे। 02 मई से 01 जुलाई तक शुक्र अस्त रहेंगे।

धन, व्यापार और कारोबार (Financial Prediction 2016)

वर्ष 2016 धनु राशि के व्यापारियों के लिए फायदेमंद साबित हो सकता है। धनु राशि के जातकों को वर्ष के अंतिम दिनों में थोड़ा सतर्क रहकर निवेश करना चाहिए वरना नुकसान हो सकता है।

वर्ष 2016 के पहले छमाही में थोड़ी आर्थिक समस्या का सामना करना पड़ सकता है लेकिन वर्ष के अंत तक यह खत्म हो जाएंगी। किसी भी तरह का फैसला लेने से पहले उसके अच्छे और बुरे परिणामों के बारे में विचार कर लें। साल 2016 में फिजूलखर्ची से बचें अन्यथा वर्ष के अंत में आर्थिक समस्या हो सकती है। किसी भी प्रकार के लेन-देन में आपको थोड़ी सावधानी बरतनी चाहिए क्योंकि अपनों से धोखा मिलने की संभावना अधिक है।

शिक्षा और करियर (Education and Career Forecast for 2016)

छात्रों के लिए साल 2016 बेहद प्रभावशाली साबित हो सकता है। यदि गूढ़ विज्ञान और मनोविज्ञान में आपकी रुचि है तो उनके लिए समय अनुकूल है। छात्रों के लिए परीक्षा में सफलता के योग हैं। नौकरीपेशा लोगों के लिए भी साल बेहतरीन साबित हो सकता है। प्रमोशन के आसार हैं। कार्यस्थल पर बॉस की शाबाशी और आय में वृद्धि हो सकती है। आपके अच्छे प्रदर्शन का प्रभाव आपके करियर पर स्पष्ट रूप से दिखाई देगा। ऐसी परिस्थिति में यदि आप अपने से सीनियर्स के प्रति अच्छा व्यवहार बनाए रखेंगे तो लाभ अवश्य होगा।

परिवार (Family Relations in Year 2016)

धनु राशि के जातको को वर्ष 2016 में गृहस्थ जीवन से संबंधित कुछ परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। परिवार के कुछ सदस्यों से विवाद हो सकता है। तनाव की स्थिति में किसी भी तरह की बहस से बचना चाहिए। हालांकि जीवनसाथी और माता के साथ संबंध अच्छे रहेंगे। अगस्त के बाद घर में उत्पन्न तनाव की स्थिति में सुधार हो सकता है। राज पुरुषों या सरकारी महकमे से संपर्क स्थापित होने से सामाजिक मान-सम्मान की अभिवृद्धि होगी।

प्यार और रिश्ते (Love and Relation 2016)

वर्ष 2016 प्रेम संबंधों के लिए सामान्य रहेगा। इस साल लव लाइफ में किसी बड़ी परेशानी का सामना नहीं करना होगा। सब चीजें सहज तरीके से आती-जाती रहेंगी। प्रेम प्रसंगों के लिए साल बेहतरीन है। रिश्ते को मजबूत बनाने पर ध्यान देना चाहिए। अगस्त के बाद समय की कमी के कारण लव लाइफ में प्यार और रोमांस की कमी महसूस हो सकती है।

स्वास्थ्य राशिफल (Health Horoscope in Hindi)

धनु राशि के जातको को साल 2016 में अपने स्वास्थ्य के प्रति सतर्क रहना चाहिए। इस साल फास्ट फूड खाने से कुछ समस्याएं हो सकती है। पेट की बीमारी होने की भी संभावना है। इस साल धनु राशि के जातको को अपने आहार का विशेष ख्याल रखना चाहिए। आंखों की सामान्य समस्याएं हो सकती हैं परंतु आपकी कार्य क्षमताएं अधिक प्रभावित नहीं होंगी।

यात्रा:

यात्रा के दृष्टिकोण से यह वर्ष बहुत अच्छा रहेगा। नवम स्थान के गुरु धार्मिक तीर्थ स्थलों का दर्शन करायेंगे और द्वादश का शनि कार्य व्यवसाय संबंधित विदेश यात्रा कराते रहेंगे।

ग्रह शांति:

* शनिवार को काली वस्तुओं, काला कपड़ा, काली दाल का दान करें।
* काला कंबल दान करें।
* रात्रि में पूजा करते समय सरसों के तेल के दीपक जलाएं।
* गरीब लोगों की सहायता करें और उनको काली वस्तु दान करें।
* शनिवार के दिन सरसों के तेल में अपना चेहरा देखें व मंदिर में दान करें।

मकर वार्षिक राशिफल 2016


एस्ट्रोलोजर अरुण बंसल के अनुसार वर्ष 2016 में शनि वृश्चिक राशि में ग्यारहवें भाव में रहेंगे। 09 जनवरी को राहु सिंह राशि में आठवें भाव में प्रवेश करेंगे। वर्ष के पूर्वार्द्ध को गुरु सिंह राशि में आठवें भाव में रहेंगे और 11 अगस्त को कन्या राशि में नवें भाव में प्रवेश करेंगे। मंगल वक्री होकर 20 फरवरी से 17 जून तक वृश्चिक राशि में ग्यारहवें भाव में रहेंगे। 02 मई से 01 जुलाई तक शुक्र अस्त रहेंगे।

धन, व्यापार और कारोबार (Financial Prediction 2016)

आर्थिक स्तर पर मकर राशि के जातको के लिए साल 2016 सामान्य रहेगा। राहु और केतू के कारण आर्थिक स्तर पर नुकसान हो सकता है। इस समय आपको अपने फिजूलखर्ची पर काबू रखना चाहिए। इस समय बचाएं गए पैसे आने वाले समय में आपको आर्थिक नुकसान से बचा सकते हैं। पैसों के लेन-देन में सतर्कता बरतें, यहां तक की परिजनों और सगे-संबंधियों से भी पैसों का लेन-देन पूरी तरह से जांच परख कर करें। व्यापारी वर्ग के लिए साल 2016 एक सफल साल साबित हो सकता है। अचानक धन लाभ व पैतृक संपत्ति या लॉटरी आदि के भी योग बने हुए हैं।

शिक्षा और करियर (Education and Career Forecast for 2016)

साल 2016 मकर राशि के छात्रों के खास साबित हो सकता है। प्रतियोगी परीक्षा देने वाले छात्रों को सफलता मिल सकती है। नौकरीपेशा लोगों के लिए भी साल 2016 खास है। प्रमोशन और अच्छी नौकरी के साथ मकर राशि के जातको को कार्य-स्थल पर पूरा सम्मान मिलने के आसार हैं। जो जातक नई नौकरी की तलाश में हैं उन्हें कुछ समय का इंतजार करना चाहिए। वर्ष के उत्तरार्द्ध में शिक्षा प्राप्ति के व्यवधान अवश्य ही कम होंगे व भाग्य साथ देगा। उच्च शिक्षा प्राप्ति हेतु विदेश गमन की संभावनाएं हैं।

परिवार (Family Relations in Year 2016)

वर्ष 2016 में मकर राशि के जातको की पारिवारिक स्थिति सामान्य रहेगी। परिवार के कुछ सदस्यों से वैचारिक मतभेद होने की संभावना है, बेवजह की बातों से परेशान ना हो। अपने गुस्से पर कंट्रोल कर आप कई परेशानियों से बच सकते हैं। माता-पिता के साथ तो संबंध अच्छे रहेंगे। उत्तरार्द्ध में नवविवाहित दंपत्ति को संतान जन्म के सुख की प्राप्ति का शुभ योग प्रबल है।

प्यार और रिश्ते (Love and Relation 2016)

वर्ष 2016 प्रेम संबंधों के लिए सामान्य रहेगा। हालांकि जो लोग पहले से ही प्रेम संबंधों में बंधे हुए है उनके लिए यह वर्ष अच्छा होगा। दूरियों को मिटाने तथा अपना अकेलापन दूर करने के लिए आपको एक दूसरे के साथ थोड़ा और समय गुजारना होगा। नए प्रेम-प्रसंगों के लिए समय अनुकूल नहीं है। किसी के सामने अपने दिल की बात को रखने की कोशिश करें लेकिन दबाव ना डाले। समय के साथ हो सकता है दूसरी तरफ से भी हां सुनने को मिले।

स्वास्थ्य राशिफल (Health Horoscope in Hindi)

मकर राशि के जातको के लिए वर्ष 2016 स्वास्थ्य के लिए काफी अच्छा है। इस वर्ष आपको सेहत के प्रति अधिक चिंता नहीं होगी। मौसम के बदलने और गलत खान-पान के कारण कुछ छोटी-छोटी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। फिर भी यदि आप अपने स्वास्थ्य का ध्यान रखेंगे तो आपके लिए ज्यादा अच्छा होगा। आपको मानसिक तनाव से बचने के लिए अधिक से अधिक खुश रहने का प्रयास करना चाहिए। हरी पत्तेदार सब्जियों का सेवन आपके सेहत के लिए जड़ी बूटी का काम कर सकता है।

यात्रा:

यात्रा के दौरान आपको छोटी-मोटी परेशानियों का भी सामना करना पड़ सकता है। उत्तरार्द्ध में नवम स्थान का गुरु धार्मिक तीर्थ स्थलों का दर्शन करायेंगे। उच्च शिक्षा प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों के लिए विदेश जाकर शिक्षा प्राप्त करने का प्रबल योग बन रहा है।

ग्रह शांति:

* माता-पिता, गुरु, साधू, संन्यासी और अपने से बड़े लोगों का आशीर्वाद प्राप्त करें।
* मंदिर या धार्मिक स्थानों पर केला या बेसन के लड्डू वितरण करें।
* प्रत्येक दिन सूर्य को अर्घ्य दें।

कुंभ वार्षिक राशिफल 2016


एस्ट्रोलोजर अरुण बंसल के अनुसार वर्ष 2016 में शनि वृश्चिक राशि में दसवें भाव में रहेंगे। 09 जनवरी को राहु सिंह राशि में सातवें भाव में प्रवेश करेंगे। वर्ष के पूर्वार्द्ध को गुरु सिंह राशि में सातवें भाव में रहेंगे और 11 अगस्त को कन्या राशि में आठवें भाव में प्रवेश करेंगे। मंगल वक्री होकर 20 फरवरी से 17 जून तक वृश्चिक राशि में दसवें भाव में रहेंगे। 02 मई से 01 जुलाई तक शुक्र अस्त रहेंगे।

धन, व्यापार और कारोबार (Financial Prediction 2016)

वर्ष 2016 में कुंभ राशि के जातको की आर्थिक स्थिति सामान्य रहने वाली है। इस साल दूसरों की मदद करने से पहले अपनी स्थिति के बारे में विचार कर लें। फिजूलखर्ची के कारण आपको आने वाले समय में परेशानी हो सकती है। इस समय बचाया गया धन आपको आने वाले समय में फायदा देगा। कुंभ राशि के जातकों को साल के दूसरे भाग में पैसों के लेन-देन के प्रति बेहद सजग रहना चाहिए। जमीन जायदाद संबंधी कार्यों में सफलता मिलेगी।

व्यापारियों और बिजनेस से जुड़े लोगों के लिए यह साल बेहद उत्तम साबित हो सकता है। पाटर्नरशिप के काम में ईमानदारी बरतें अन्यथा नुकसान हो सकता है। साल के दूसरे भाग में यानि अगस्त के बाद बिजनेस में कुछ समस्याएं हो सकती हैं लेकिन यह अल्पकालीन होंगी। मुश्किल समय में किसी से वाद-विवाद करने से बचें।

शिक्षा और करियर (Education and Career Forecast for 2016)

नौकरीपेशा लोगों के लिए वर्ष 2016 बेहद फायदेमंद साबित हो सकता है। कुछेक परेशानियों को छोड़ दिया जाए तो शेष वर्ष शुभ साबित होगा। इस वर्ष नौकरी पेशा लोगों की तरक्की के प्रबल योग हैं, मेहनत करते रहें और निराश ना हों। नौकरी से संबंधित किसी भी मामले में यह वर्ष आपके लिए बेहतर साबित होगा। नौकरी की तलाश में लगे युवाओं को भी इस साल अवश्य सफलता मिलेगी। करियर में अच्छा स्टार्ट मिलने की संभावना है। चिकित्सा, तकनीकी, वाणिज्य आदि क्षेत्रों के लिए अनुकूल समय रहेगा। वकील, जज एवं कानून से जुड़े लोगों को विशेष लाभ प्राप्त होगा।

विद्यार्थियों के लिए यह साल मिला-जुला हो सकता है। अधिक मेहनत का परिणाम कम मिले तो घबराइएगा नहीं, वक्त आने पर आपको अपने हिस्से की सफलता अवश्य मिलेगी।

परिवार (Family Relations in Year 2016)

वर्ष 2016 में कुम्भ राशि के जातको को पारिवारिक निर्णय काफी सोच विचारकर लेने होंगे। आपसी रिश्तों को बनाए रखने के लिए जरूरी है कि आप रिश्तों को लेकर थोड़ा सजग रहें। इस वर्ष माँ और जीवनसाथी के साथ रिश्ते मधुर हो सकते हैं। पिता या भाई-बहनों के साथ वैचारिक मतभेद होने की आशंका है। इससे बचने के लिए वाद- विवाद से दूर रहना चाहिए। यदि आप विवाह योग्य हैं तो इस वर्ष विवाह होने का योग बना हुआ है।

प्यार और रिश्ते (Love and Relation 2016)

कुंभ राशि के जातको के लिए वर्ष 2016 प्रेम-संबंधों के मामले में सामान्य रहेगा। दैनिक जीवन में अत्यधिक व्यस्त होने के कारण जीवनसाथी को अधिक समय नहीं दे पाएंगे, यह बात रिश्ते में खटास डाल सकती है। जीवनसाथी के साथ रिश्तों में पारदर्शिता रख इसे मजबूत बनाया जा सकता है। अपनी लव लाइफ में इस साल शक को बीच में ना लाएं, अन्यथा स्थिति बेहद पेचीदा हो सकती है।

नया रिश्ता बनाने और किसी को प्रपोज करने के लिए यह साल बेहतरीन है। अविवाहितों को इस साल अच्छे रिश्ते मिल सकते हैं।

स्वास्थ्य राशिफल (Health Horoscope in Hindi)

वर्ष 2016 कुंभ राशि के जातको के लिए स्वास्थ्य के स्तर पर बेहतरीन साबित हो सकती है। साल के अधिकांश समय किसी तरह की समस्या नहीं होगी। वर्ष के कुछ महीनों में थोड़ी-बहुत परेशानी हो सकती है। बुरी आदतों, अनियमित जीवनशैली, शराब आदि से दूर रहने का प्रयास करें। खान-पान और मौसम से होने वाली बीमारियों के योग हैं लेकिन यह कुछ ही समय के लिए आपको परेशान कर सकते हैं। इस वर्ष हो सकता है आप शराब, सिगरेट जैसे नशों की तरफ आकर्षित हों लेकिन ऐसा होने से खुद को बचाएं।

यात्रा:

वर्ष के उत्तरार्द्ध में द्वादश स्थान पर शनि व गुरु की दृष्टि से विदेश यात्रा का योग बन रहा है। नौकरी करने वालों का स्थानांतरण इच्छानुकूल हो सकता है। लम्बी यात्राओं का योग बना हुआ है।

ग्रह शांति:

* एक नारियल अपने सिर से सात बार घुमाकर बहते हुए पानी में बहा दें।
* धार्मिक स्थानों पर भण्डारा कर गरीब लोगों को भोजन कराएं।
* सूर्योदय से पहले उठकर स्नान कर लें, फिर सूर्य नमस्कार करें या सूर्य को जल चढ़ाएं।

मीन वार्षिक राशिफल 2016


एस्ट्रोलोजर अरुण बंसल के अनुसार वर्ष 2016 में शनि वृश्चिक राशि में नवें भाव में रहेंगे। 09 जनवरी को राहु सिंह राशि में छठे भाव में प्रवेश करेंगे। वर्ष के पूर्वार्द्ध को गुरु सिंह राशि में छठे भाव में रहेंगे और 11 अगस्त को कन्या राशि में सातवें भाव में प्रवेश करेंगे। मंगल वक्री होकर 20 फरवरी से 17 जून तक वृश्चिक राशि में नवें भाव में रहेंगे। 02 मई से 01 जुलाई तक शुक्र अस्त रहेंगे।

धन, व्यापार और कारोबार (Financial Prediction 2016)

मीन राशि के कारोबारियों को वर्ष 2016 में अच्छा लाभ मिलने की संभावना है। इस वर्ष प्रचुर मात्रा में धनागम होगा। जमा पूंजी में वृद्धि में होगी। रत्नाभूषण की प्राप्ति होगी। साल के शुरुआती महीनों में थोड़ी परेशानी आ सकती है लेकिन अगस्त के महीने के बाद समय अनुकूल है। आय के नए स्त्रोत मिल सकते हैं। मीन राशि के जातको को इस साल अपने करीबियों से पैसे के लेन-देन में सतर्क रहना चाहिए अन्यथा नुकसान उठाना पड़ सकता है।

शिक्षा और करियर (Education and Career Forecast for 2016)

मीन राशि के नौकरीपेशा जातको को वर्ष 2016 में कुछ परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि अगस्त के बाद अच्छी नौकरी और प्रमोशन आदि की सभी संभावनाएं हैं।

वर्ष 2016 में आपको नौकरी से संबंधित थोड़ी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता। इसका मतलब ये बिलकुल नहीं है कि आपको अच्छी नौकरी नहीं मिलेगी। अगस्त माह के बाद अच्छी नौकरी का योग है। परंतु जब तक आपको नई नौकरी न मिले पुरानी नौकरी से इस्तीफा नहीं देना चाहिए। ऐसा करने से आपको अगली जॉब के लिए लंबा इंतजार करना पड़ सकता है। घर से दूर जाकर पढ़ाई करने का योग बन रहा है।

परिवार (Family Relations in Year 2016)

वर्ष 2016 के अगस्त माह तक आपको कुछ पारिवारिक समस्याओँ का सामना करना पड़ सकता है। परिवार के साथ अच्छे संबंध बनाने के प्रयास असफल हो सकते हैं। लेकिन वैवाहिक जीवन में अगस्त माह के बाद थोड़ी स्थिरता आने की संभावना है। ऐसे समय में आपको दूसरों पर अपनी इच्छाएं थोपने की कोशिश नहीं करनी चाहिए ऐसा करने से विवाद बढ़ सकता है।

प्यार और रिश्ते (Love and Relation 2016)

मीन राशि के जातको के लिए प्रेम संबंधों की दिशा में वर्ष 2016 कुछ खास नहीं दिखाई दे रहा है। साल के शुरुआती महीनों में प्यार में कई पापड़ बेलने पड़ सकते हैं। अगर आपके दिल में किसी के लिए कुछ है तो उसे अगस्त तक संभाल कर रखें। साल के दूसरे भाग में प्यार के लिए अनुकूल योग हैं। इस दौरान रिश्तों में मधुरता और मजबूती आएगी। प्रेम संबंधों में होने वाली गलतफहमी से बचें अन्यथा समस्या हो सकती है। किसी के विषय में राय बनाने में जल्दबाजी ना करें इससे किसी की भावनाओं को ठेस पहुंच सकता है।

स्वास्थ्य राशिफल (Health Horoscope in Hindi)

वर्ष 2016 में मीन राशि के जातको को अपने सेहत के मामले थोड़ा सतर्क रहना पड़ेगा। वर्ष के शुरूआत में स्वास्थ्य बिगड़ने की संभावना है। इस समय गलत खान-पान के कारण आँत, लिवर, किडनी, पेट या रक्त जनित समस्याएं हो सकती है। खान-पान के प्रति सजग रहकर इन समस्याओं से बचा जा सकता है। इस साल मीन राशि के जातकों को अपनी जीवनशैली में सुधार करना चाहिए। वर्ष के उत्तरार्द्ध में रोगों का नाश होगा तथा आपकी कार्य क्षमताएं विकसित होंगी।

यात्रा:

लम्बी, ऐतिहासिक स्थल, पुरातत्व विज्ञान की दृष्टि से महत्वपूर्ण स्थल के अतिरिक्त किसी रमणीय पर्यटक स्थल की यात्रा भी होगी। वर्ष के उत्तरार्द्ध में छोटी यात्राएं बहुतायत में होंगी। घर से दूर जाकर उच्च शिक्षा प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों के लिए समय बहुत अनुकूल है।

धर्म-कार्य एवं ग्रह शांति:

* गुरु ग्रह के मंत्र का पाठ करे एवं बेसन के लड्डू का भोग लगाकर गरीबों में वितरण करें।
* अपने माता-पिता को तीर्थ स्थलों का दर्शन कराएं।
* बुधवार के दिन गणेश जी को दूर्वा चढ़ाएं।
आपका कैरक्टर बताए आपके नाम का पहला अक्षर

A- अक्षर

A- अक्षर से नाम वाले लोग काफी मेहनती और धैर्य वाले होते हैं। इन्हें अट्रैक्टिव दिखना और अट्रैक्टिव दिखने वाले लोग ज्यादा पसंद होते हैं। ये खुद को किसी भी परिस्थिति में ढाल लेने की गजब की क्षमता रखते हैं। इन्हें वैसी चीज ही भाती है, जो भीड़ से अलग दिखता हो।

A- अध्ययन या करियर की बात करें तो किसी भी काम को अंजाम देने के लिए चाहे जो करना पड़े ये करते हैं, लेकिन लक्ष्य तक पहुंचने से पहले ये कभी हारकर बैठते नहीं।

A- ए से नाम वाले लोग रोमांस के मामले में जरा पीछे रहना ही पसंद करते हैं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि वे प्यार और अपने करीबी रिश्तों को अहमियत नहीं देते। बस, इन्हें इन चीजों का इजहार करना अच्छा नहीं लगता।

A- चाहे बात रिश्तों की हो या फिर काम की, इनका विचार बिल्कुल खुला होता है। सच और कड़वी बात भी इन्हें खुलकर कह दी जाए तो ये मान लेते हैं, लेकिन इशारों में या घुमाकर कुछ कहना-सुनना इन्हें पसंद नहीं।

A- ए से नाम वाले लोग हिम्मती भी काफी होते हैं, लेकिन यदि इनमें मौजूद कमियों की बात करें तो इन्हें बात-बात पर गुस्सा भी आ जाता है।

B- अक्षर

B- जिनका नाम बी अक्षर से शुरू होता है वे अपनी जिंदगी में नए-नए रास्ते तलाशने में यकीन रखते हैं। अपने लिए कोई एक रास्ता चुनकर उसपर आगे बढ़ना इन्हें अच्छा नहीं लगता।

B- बी अक्षर वाले लोग ज़रा संकोची स्वभाव के होते हैं। काफी सेंसिटिव नेचर के होते हैं ये। जल्दी अपने मित्रों से भी नहीं घुलते-मिलते। इनकी लाइफ में कई राज होते हैं, जो इनके करीबी को भी नहीं पता होता। ये ज्यादा दोस्त नहीं बनाते, लेकिन जिन्हें बनाते हैं उनके साथ सच्चे होते हैं।

B- रोमांस के मामले में ये थोड़े खुले होते हैं। प्यार का इजहार ये कर लेते हैं। प्यार को लेकर ये धोखा भी खूब खाते हैं। इन्हें खुद पर कंट्रोल रखना आता है। खूबसूरत चीजों के ये दीवाने होते हैं।

C- अक्षर

C- सी नाम के लोगों को हर क्षेत्र में खूब सफलता मिलती है। एक तो इनका चेहरा-मोहरा भी काफी आकर्षक होता है और दूसरा कि काम के मामले में भी लक इनके साथ हमेशा रहता है। इन्हें आगे बढ़ने से कोई रोक नहीं सकता है। अच्छी सूरत तो भगवान देते ही हैं इन्हें, अच्छे दिखने में ये खुद भी कभी कोई कसर नहीं छोड़ते।

C- सी नाम वाले दूसरों के दुख-दर्द के साथ-साथ चलते हैं। खुशी में ये शरीक हों या न हों, लेकिन किसी के ग़म में आगे बढ़कर ये उनकी मदद करते हैं।

C- सी नाम वालों के लिए प्यार के महत्व की बात करें तो ये जिन्हें पसंद करते हैं उनके बेहद करीब हो जाते हैं। यदि इन्हें अपने हिसाब के कोई न मिले तो मस्त होकर अकेले भी रह लेते हैं। वैसे स्वभाव से ये काफी इमोशनल होते हैं।

D- अक्षर

D- डी नाम वाले लोगों को हर मामले में अपार सफलता हाथ लगती है। कभी भाग्य साथ न भी दे तो उन्हें विचलित नहीं होना चाहिए, क्योंकि उनकी जिंदगी में आगे चलकर सारी खुशियां लिखी होती हैं। लोगों की बात पर ध्यान न देकर अपने मन की करना ही इन्हें भाता है। जो ठान लेते हैं ये, उसे कहके ही मानते हैं। इन्हें सुंदर या आकर्षक दिखने के लिए बनने-संवरने की जरूरत नहीं होती। ये लोग बॉर्न स्मार्ट होते हैं।

D- किसी की मदद करने में ये कभी पीछे नहीं रहते। यहां तक ये भी नहीं देखते कि जिनकी मदद के लिए उन्होंने अपना हाथ आगे बढ़ाया है वह उनके दुश्मन की लिस्ट में हैं या दोस्त की लिस्ट में।

D- डी नाम के लोग प्यार को लेकर काफी जिद्दी होते हैं। जो इन्हें पसंद हो, उन्हें पाने के लिए या फिर उनसे रिश्ता निभाने में कोई कसर नहीं छोड़ते। रिश्तों के मामले में इनपर अविश्वास करना बेवकूफी होगी।

E- अक्षर

E- ई या इ से नाम वाले मुंहफट किस्म के होते हैं। हंसी-मजाक की जिंदगी जीना इन्हें पसंद है। इन्हें अपने इच्छा अनुरूप सारी चीजें मिल जाती हैं। जो इन्हें टोका टाकी करे, उनसे किनारा भी तुरंत हो लेते हैं।

E- ई या इ नाम वाले लोग जिंदगी को बेतरतीव जीना पसंद नहीं करते। इन्हें सारी चीजें सलीके और सुव्यवस्थित रखना ही पसंद है।

E- ई या इ से नाम वाले लोग प्यार को लेकर उतने संजीदा नहीं रहते, इसलिए इनसे रिश्ते पीछे छूटने का किस्सा लगा ही रहता है। शुरुआत में ये दिलफेंक आशिक की तरह व्यवहार करते हैं, क्योंकि इनका दिल कब किसपर आ जाए कह नहीं सकते। लेकिन एक सच यह भी है कि जिन्हें ये फाइनली दिल में बिठा लेते हैं उनके प्रति पूरी तरह से सच्चे हो जाते हैं।

F- अक्षर

F नाम वाले लोग काफी जिम्मेदार किस्म के होते हैं। हां, इन्हें अकेले रहना काफी भाता है। ये स्वभाव से काफी भावुक होते हैं। हर चीज को लेकर ये बेहद कॉन्फिडेंट होते हैं। सोच-समझकर ही खर्च करना चाहते हैं ये। जीवन में हर चीज इनका काफी बैलेंस्ड होता है।

F से शुरू होने वाले नाम के लोगों के लिए प्यार की काफी अहमियत होती है। ये खुद भी सेक्सी और आकर्षक होते हैं और ऐसे लोगों को पसंद भी करते हैं। रोमांस तो समझिए कूट-कूटकर इनमें भरा होता है।

G- अक्षर

G से शुरू होनेवाले नाम वाले लोग दूसरों की मदद के लिए हमेशा ही खड़े होते हैं। ये खुद को हर परिस्थितियों में ढाल लेते हैं। ये चीजों को गोलमोल करके पेश करना पसंद नहीं करते, क्योंकि इनका दिल बिल्कुल साफ होता है। अपने किए से जल्द सबक लेते हैं और फूंत-फूंककर कदम आगे बढ़ाते हैं ये।

G से नाम वाले प्यार को लेकर ईमानदार होते हैं। प्यार के मामले में ये समझदारी और धैर्य से काम लेते हैं। कमिटमेंट से पहले किसी पर बेवजह खर्च करना इनके लिए बेकार का काम है।

H- अक्षर

H से नाम वाले लोगों के लिए पैसे काफी मायने रखते हैं। ये काफी हंसमुख स्वभाव के होते हैं और अपने आसपास का माहौल भी एकदम हल्का-फुल्का बनाए रखते हैं। ये लोग दिल के सच्चे होते हैं। काफी रॉयल नेचर के होते हैं और मस्त मौला होकर जीवन गुजारना पसंद करते हैं। झटपट निर्णय लेना इनकी काबिलियत है और दूसरों की मदद के लिए आधी रात को भी ये तैयार होते हैं।

I- अक्षर

I से शुरू होने वाले नाम के लोग कलाकार किस्म के होते हैं। न चाहते हुए भी ये लोगों के आकर्षण का केन्द्र बने रहते हैं। हालांकि मौका पड़े तो इन्हें अपनी बात पलटने में पल भर भी नहीं लगता और इसके लिए वे यह नहीं देखते कि सही का साथ दे रहे हैं या फिर गलत का। इनके हाथ तो काफी कुछ लगता है, लेकिन उन चीजों के हाथ से फिसलने में भी देर नहीं लगती।

I से नाम वाले लोग प्यार के भूखे होते हैं। आपको वैसे लोग अपनी ओर खींच पाते हैं जो हर काम को काफी सोच-विचार के बाद ही करते हैं। स्वभाव से संवेदनशील और दिखने में बेहद सेक्सी होते हैं।

J- अक्षर

J से नाम वाले लोगों की बात करें तो ये स्वभाव से काफी चंचल होते हैं। लोग इनसे काफी चिढ़ते हैं, क्योंकि इनमें अच्छे गुणों के साथ-साथ खूबसूरती का भी सामंजस्य होता है। जो करने की ठान लेते हैं, उसे करके ही मानते हैं ये। पढ़ने-लिखने में थोड़ा पीछे ही रहते हैं, लेकिन जिम्मेदारी की बात करें तो सबसे आगे खड़े रहेंगे ये।

j से नाम वाले लोगों के चाहने वाले कई होते हैं। हमसफर के रूप में ये जिन्हें मिल जाएं समझिए खुशनसीब हैं वह। जीवन के हर मोड़ पर ये साथ निभानेवाले होते हैं।

K- अक्षर

K से नाम वाले लोगों को हर चीज में परफेक्शन चाहिए। चाहे बेडशीट के बिछाने का तरीका हो या फिर ऑफिस की फाइलें, सारी चीजें इन्हें सेट चाहिए। दूसरों से हटकर चलना बेहद भाता है इन्हें। ये अपने बारे में पहले सोचते हैं। पैसे कमाने के मामले में भी ये काफी आगे चलते हैं।

स्वभाव से ये रोमांटिक होते हैं। अपने प्यार का इजहार खुलकर करना इन्हें खूब आता है। इन्हें स्मार्ट और समझदार साथी चाहिए और जबतक ऐसा कोई न मिले तब तक किसी एक पर टिकते नहीं ये।

L- अक्षर

L से शुरू होने वाले नाम के लोग काफी चार्मिंग होते हैं। इन्हें बहुत ज्य़ादा पाने की तमन्ना नहीं होती, बल्कि छोटी-मोटी खुशियों से ये खुश रहते हैं। पैसों को लेकर समस्या बनती है, लेकिन किसी न किसी रास्ते इन्हें हल भी मिल जाता है। लोगों के साथ प्यार से पेश आते हैं ये। कल्पनाओं में जीते हैं और फैमिली को अहम हिस्सा मानकर चलते हैं ये।

प्यार की बात करें तो इनके लिए इस शब्द के मायने ही सबकुछ हैं। बेहद ही रोमांटिक होते हैं ये। वैसे सच तो यह है कि अपनी काल्पनिक दुनिया का जिक्र ये अपने हमसफर तक से करना नहीं चाहते। प्यार के मामले में भी ये आदर्शवादी किस्म के होते हैं।

M- अक्षर

M नाम से शुरू होनेवाले लोग बातों को मन में दबाने वाली प्रवृत्ति के होते हैं। कहते हैं ऐसा नेचर कभी-कभी दूसरों के लिए खतरनाक भी साबित हो जाता है। चाहे बात कड़वी हो, यदि खुलकर कोई कह दे तो बात वहीं खत्म हो जाती है, लेकिन बातों को मन रखकर उस चलने से नतीजा अच्छा नहीं रहता। ऐसे लोगों से उचित दूरी बनाए रखना बेहतर है। इनका जिद्दी स्वभाव कभी-कभार इन्हें खुद परेशानी में डाल देता है। वैसे अपनी फैमिली को ये बेहद प्यार करते हैं। खर्च करने से पहले ज्यादा सोच-विचार नहीं करते। सबसे बेहतर की ओर ये ज्यादा आकर्षित होते हैं।

प्यार की बात करें तो ये संवेदनशील होते हैं और जिस रिश्ते में पड़ते हैं उसमें डूबते चले जाते हैं और इन्हें ऐसा ही साथी भी चाहिए जो इनसे जी जीन से प्यार करे।

N- अक्षर

N से शुरू होनेवाले नाम के लोग खुले विचारों के होते हैं। ये कब क्या करेंगे इसके बारे में ये खुद भी नहीं जानते। बेहद महत्वाकांक्षी होते हैं। काम के मामले में परफेक्शन की चाहत इनमें होती है। आपके व्यक्तित्व में ऐसा आकर्षण होता है, जो सामने वालों को खींच लाता है। ये दूसरों से पंगे लेने में ज्यादा देर नहीं लगाते। इन्हें आधारभूत चीजों की कभी कोई कमी नहीं रहती और आर्थिक दृष्टि से सम्पन्न होते हैं ये।

कभी-कभार फ्लर्ट चलता है, लेकिन प्यार में वफादारी करना इन्हें आता है। स्वभाव से रोमांटिक और रिश्तों को लेकर बेहद संवेदनशील होते हैं ये।

O- अक्षर

O अक्षर से नाम के लोगों के स्वभाव की बात करें तो बता दें कि इनका दिमाग काफी तेज दौड़ता है। ये बोलते कम हैं और करते ज्यादा हैं, शायद यही वजह है कि ये जल्दी ही उन हर ऊंचाइयों को छू लेते हैं जिनका ख्वाब ये देखा करते हैं। इन सबके बावजूद समाज के साथ चलना इन्हें पसंद है। जीवन के हर क्षेत्र में सफल होते हैं।

प्यार की बात करें तो ये ईमानदार किस्म के होते हैं। साथी को धोखा देना इन्हें पसंद नहीं और ऐसा ही उनसे भी अपेक्षा रखते हैं। जिससे कमिटमेंट हो गया, बस पूरी जिंदगी उसपर न्योछावर करने को तैयार रहते हैं ये।

P- अक्षर

P से शुरू होनेवाले नाम के लोग उलझनों में फंसे रहते हैं। वैसे, ये चाहते कुछ हैं और होता कुछ अलग ही है। काम को परफेक्शन के साथ करते हैं। इनके काम में सफाई और खरापन साफ झलकती है। खुले विचार के होते हैं ये। अपने आसपास के सभी लोगों का ख्याल रखते हैं और सबको साथ लेकर चलना चाहते हैं। हां, कभी-कभार अपने विचारों के घोड़े सबपर दौड़ाने की इनकी कोशिश इन्हें नुकसान भी पहुंचाती है।

प्यार की बात करें तो सबसे पहले ये अपनी छवि से प्यार करते हैं। इन्हें खूबसूरत साथी खूब भाता है। कभी-कभार अपने साथी से ही दुश्मनी भी पाल लेते हैं, लेकिन चाहे लड़ते-झगड़ते सही साथ उनका कभी नहीं छोड़ते।

Q- अक्षर

Q से नाम वाले लोगों को जीवन में ज्यादा कुछ पाने की इच्छा नहीं होती, लेकिन नसीब इन्हें देता सब है। ये स्वभाव से सच्चे और ईमानदार होते हैं। नेचर से काफी क्रिएटिव होते हैं। अपनी ही दुनिया में खोए रहना इन्हें अच्छा लगता है।

प्यार की बात करें तो ये अपने साथी के साथ नहीं चल पाते। कभी विचारों में तो कभी काम में असमानता इन्हें झेलना ही पड़ता है। वैसे, आपके प्रति आकर्षण आसानी से हो जाता है।

R- अक्षर

R से नाम वाले लोग ज्यादा सोशल लाइफ जीना पसंद नहीं करते। हालांकि, फैमिली इनके लिए मायने रखती है और पढ़ना-लिखना इन्हें नहीं भाता। जो भीड़ करे, उसे करने में इन्हें मजा नहीं आता। ये तो वह काम करना चाहते हैं, जिसे कोई नहीं कर सकता। R से नाम वाले लोग काफी तेजी से आगे बढ़ते हैं और धन-दौलत की कोई कमी नहीं रहती।

अपने से ऊपर सोच-समझ और बुद्धि वाले लोग इन्हें आकर्षित करते हैं। दिखने में खूबसूरत और कोई ऐसा जिसपर आपको गर्व हो उनकी ओर आप खिंचे चले जाते हैं। वैसे वैवाहिक जीवन में उठा-पटक लगा ही रहता है।

S- अक्षर

S से नाम वाले लोग काफी मेहनती होते हैं। ये बातों के इतने धनी होते हैं कि सामने वाला इनकी ओर आकर्षित हो ही जाता है। दिमाग से तेज और सोच-विचार कर काम करते हैं ये। इन्हें अपनी चीजें शेयर करना पसंद नहीं। ये दिल से बुरे नहीं होते, लेकिन उनके बातचीत का अंदाज़ इन्हें लोगों के सामने बुरा बना देती है।

प्यार के मामले में ये शर्मीले होते हैं। आप सोचते बहुत हैं, लेकिन प्यार के लिए कोई पहल करना नहीं आता। प्यार के मामले में ये सबसे ज्यादा गंभीर होते हैं।

T- अक्षर

T से शुरू होनेवाले नाम के लोग खर्च के मामले में एकदम खुले हाथ वाले होते हैं। चार्मिंग दिखने वाले ये लोग खुशमिजाज भी खूब रहते हैं। मेहनत करना इन्हें उतना अच्छा नहीं लगता, लेकिन पैसों की कभी कमी नहीं होती इन्हें। अपने दिल की बात किसी से जल्दी शेयर नहीं करते ये।

प्यार की बात करें तो रिश्तों को लेकर काफी रोमांटिक होते हैं। लेकिन बातों को गुप्त रखने की आदत भी इनमें होती है।

U- अक्षर

U से शुरू होनेवाले नाम के लोग कोशिश तो बहुत-कुछ करने की करते हैं, लेकिन इनका काम बिगड़ते भी देर नहीं लगती। किसी का दिल कैसे जीतना है, वह इनसे सीखना चाहिए। दूसरों के लिए किसी भी तरह ये वक्त निकाल ही लेते हैं। ये बेहद होशियार किस्म के होते हैं। तरक्की के मार्ग आगे बढ़ने पर ये पीछे मुड़कर नहीं देखते।

आप चाहते हैं कि आपका साथी हमेशी भीड़ में अलग नज़र आए। वह साथ न भी हो तो आप हर वक्त उन्ही के ख्यालों में डूबे रहना पसंद करते हैं। अपनी खुशी से पहले साथी की खुशियों का ध्यान रखते हैं ये।

V- अक्षर

V से शुरू वाले नाम के व्यक्ति स्वभाव से थोड़े ढीले होते हैं। इन्हें जो मन को भाता है वही काम करते हैं। दिल के साफ होते हैं, लेकिन अपनी बातें किसी से शेयर करना इन्हें अच्छा भी नहीं लगता। बंदिशों में रखकर इनसे आप कुछ नहीं करा सकते।

बात प्यार की करें तो ये ये अपने प्यार का इजहार कभी नहीं करते। जिन बातों का कोई अर्थ नहीं या यूं कहिए कि हंसी-ठहाके में कही गई बातों से भी आप काफी गहरी बातें निकाल ही लेते हैं। कभी-कभीर ये बाते आपके लिए ही मुसीबत खड़ी कर देती हैं।

W- अक्षर

W से शुरू होनेवाले नाम के लोग संकुचित दिल के होते हैं। एक ही ढर्रे पर चलते हुए ये बोर भी नहीं होते। ईगो वाली भावना तो इनमें कूट-कूटकर भरी होती है। ये जहां रहते हैं वहीं अपनी सुनाने लग जाते हैं, जिससे सामने वाला इंसान इनसे दूर भागने लगता है। हालांकि, हर मामले में सफलता इनकी मुट्ठी तक पहुंच ही जाती है।

प्यार की बात करें तो ये न न करते हुए ही आगे बढ़ते हैं। हालांकि, इन्हें ज्यादा दिखावा भी पसंद नहीं और अपने साथी को उसी रूप में स्वीकार करते हैं जैसा वह वास्तव में है।

X- अक्षर

X से नाम वाले लोग जरा अलग स्वभाव के होते हैं। ये हर मामले में परफेक्ट होते हैं, लेकिन न चाहते हुए भी गुस्से के शिकार हो ही जाते हैं ये। इन्हें काम को स्लो करना पसंद नहीं, फटाफट निपटाने में ही यकीन रखते हैं ये। बहुत जल्दी चीजों से बोरियत हो जाती है इन्हें। ये क्या करने वाले हैं इस बात का पता इन्हें खुद भी नहीं होता।

प्यार के मामले में फ्लर्ट करना इन्हें ज्यादा पसंद है। कई रिश्तों को एकसाथ लेकर आगे चलने की हिम्मत इनमें होती है।

Y- अक्षर

Y से शुरू होनेवाले नाम के लोगों से कभी भी सलाह लें, आपकी सही रास्ता दिखाएंगे वह। खर्च के लिए कभी सोचते नहीं, बस खाना अच्छा मिले तो हमेशा खुश रहेंगे। अच्छी पर्सनैलिटी के बादशाह होते हैं। लोगों को दूर से ही पढ़ लेते हैं ये। इन्हें ज्यादा बातचीत करना पसंद नहीं। धन-दौलत नसीब तो होती है, लेकिन इन्हें पाने में वक्त लग जाता है।

बात प्यार की करें तो इन्हें अपने साथी की कोई बात याद नहीं रहती। हालांकि सच्चे, खुले दिल और रोमांटिक नेचर के होने के कारण इनकी हर गलती माफ भी हो जाती है।

Z- अक्षर

Z से नाम वाले लोग दूसरों से काफी जल्दी घुल-मिल जाते हैं। गंभीरता इनके स्वभाव में है, लेकिन बड़े ही कूल अंदाज में ये सारे काम करते हैं। जो बोलते हैं साफ बोलते हैं और जिंदगी को इंजॉय करना इन्हें आता है। न मिलने वाली चीजों पर रोने की बजाय उसे छोड़कर आगे बढ़ना इन्हें पसंद है। इन्हें दिखावा नहीं पसंद। इनकी सादगी को देख इन्हें बेवकूफ समझना बहुत बड़ी बेवकूफी होगी।

स्वभाव से ये रोमांटिक होते हैं। आपकी ओर कोई भी बड़ी आसानी से अट्रैक्ट हो जाता है। अपने प्यार के सामने आप किसी को अहमियत नहीं देते।
तिल भी बताए आपका भविष्य

यदि गाल पर हो



आमतया तिल को शरीर के किसी खास अंग की खूबसूरती का परिचायक माना जाता है। लेकिन, क्या आप जानते हैं कि शरीर के अलग-अलग अंगों पर तिल का मौजूद होना आपसे जुड़ी कई मजेदार बातें भी बताता है।

यदि गाल पर हो तिल: जिनके गाल पर तिल हो, ऐसे लोग बेहद गंभीर और पढ़ने-लिखने में तेज-तर्रार होते हैं। ऐसे लोगों को छोटी-मोटी खुशियां आसानी से आकर्षित नहीं कर सकतीं। ये जो ठान लेते हैं, वह करके मानते हैं।

कान पर तिल हो



कान पर तिल हो: जिनके कान पर तिल हो ऐसे लोग बेहद लकी होते हैं। उनके नसीब में धन-दौलत, घूमना-फिरना सब लिखा होता है।

ठुड्ढी पर तिल हो



ठुड्ढी पर हो तो- जिनके ठुड्ढी पर तिल हो, वे भाग्य के बड़े धनी होते हैं। नाम, शोहरत या धन के लिए उन्हें बहुत ज्यादा मेहनत नहीं करनी पड़ती।

आंख के किनारे पर तिल



यदि किसी की आंख के किनारे पर तिल मौजूद हो तो समझ लीजिए कि आप उनपर आंख मूंदकर भरोसा कर सकते हैं। ऐसे व्यक्ति कभी किसी से धोखा नहीं कर सकते।

भौंह पर हो तिल



भौंह पर हो तिल- यदि दाहिने भौंह पर तिल मौजूद हो तो समझिए कि उनकी शादीशुदा लाइफ काफी अच्छी रहती है। ऐसे लोग हर क्षेत्र में सफल होते हैं। लेकिन जिनकी बाईं भौंह पर तिल हो तो वे सौभाग्य के मामले में कुछ खास धनी नहीं होते। काफी मेहनत के बाद भी भाग्य उनका साथ नहीं देता।

नाक पर हो तिल



नाक पर हो तिल- यदि किसी के नाक पर तिल हो तो समझ लीजिए कि आप उनपर आंख मूंदकर भरोसा कर सकते हैं, क्योंकि ऐसा व्यक्ति एक अच्छा दोस्त साबित हो सकता है। बहुत मेहनती होते हैं

माथे पर हो तिल



माथे पर हो तिल- जिनके माथे के दाहिने साइड पर तिल होता है, ऐसे लोग धनी और सुखी होते हैं। किसी भी काम को करने की अद्भुत क्षमता होती है उनमें और सोचने-समझने की शक्ति भी कमाल की होती है। लेकिन जिनकी ललाट के बाएं साइड कोई तिल हो तो वैसे लोगों को पैसे की कीमत समझ नहीं आती। एक तरफ से पैसा आए तो दूसरी तरफ से उसे उड़ाने में ये कोई कसर नहीं छोड़ते। यदि यह तिल माथे के बीचोबीच हो तो ऐसे लोग जिंदगी में काफी सफल होते हैं।

गले पर हो तिल



गले पर हो तिल- जिनके गले या गर्दन पर तिल हों, ऐसे लोग स्वाभाव से काफी उथल-पुथल वाले होते हैं। पल में आप उन्हें खुश देखेंगे और पल भर में दुखी। वैसे ऐसे लोगों का करियर शुरुआत में भले ढीला-ढाले रहें, लेकिन बाद में सब स्मूथ और बेहतरीन रिजल्ट दे ही जाता है।

हाथ पर हो तिल



हाथ पर हो तिल- जिस व्यक्ति के हाथ पर तिल हो, उन्हें आगे बढ़ने से कोई रोक नहीं सकता।

उंगलियों पर तिल



उंगलियों पर तिल- जिनकी उंगलियों पर तिल हो, उनपर भूलकर भी विश्वास न करें। ऐसे लोग धोखेबाज किस्म के होते हैं।

कमर पर तिल



कमर पर तिल होना इस बात का संकेत करता है कि आपको उम्र भर कई परेशानियों का सामना करना पड़ेगा। पेट पर तिल होने आपके यह बताता है कि आप उत्तम भोजन के इच्छुक है। जिसकी पीठ पर तिल होता है वह व्यक्ति अपने जीवन काल में कई यात्राएं करता है।

होंठ पर तिल हो



यदि किसी व्यक्ति के होंठ पर तिल हो तो उसका मन हमेशा वासना विषयक बातों में खोया रहता है। कान पर तिल होना अल्पायु यानी कम उम्र होने की निशानी है। ऐसे लोग अधिक उम्र तक जीवित नहीं रहते।
खाली नहीं रहने देंगे आपकी जेब

चांदी का हाथी



जेब हमेशा खाली रहती है। कुछ पारंपरिक उपाय प्रचलित हैं, पर उनका आधार नहीं मिलता। हालांकि, इन प्रचलित उपायों के साथ ध्यान रखें कि सटीक कर्म ही भाग्य का निर्माण करते हैं। आध्यात्मिक व ज्योतिषीय चिंतक आनंद जौहरी से जानें क्या हैं ये उपाय...

चांदी का हाथी : जेब में शुद्ध चांदी का हाथी रखें।

चांदी की बॉल



चांदी की बॉल जेब में चांदी की बॉल रखना भी शुभ है।

बंदर को केले खिलाएं



बंदर को केले खिलाएं। ऐसा करने से जेब खाली नहीं रहती।

पीपल के पत्ते पर 'श्री'



पीपल के पत्ते पर 'श्री' : शनिवार के दिन पीपल के अपने आप गिरे हुए साबुत पत्ते पर 'श्री' लिखकर जेब में रखें।

गुलाब का दूध



चीटियों को खिलाएं : चींटियों को शक्कर में मेवे मिलाकर खिलाएं।

गुलाब का दूध : गुलाब का दूध लगाकर लक्ष्मी की उपासना करें।
राशियां बताए आपका भविष्य

मेष (Aries)



अगर हम प्रेम के मामले में 12 राशियों की बात करें तो हर राशि वाले व्यक्ति की प्रेम की अनुभूति एवं प्रदर्शन एकदम अलग होता है। हर राशि का व्यक्ति अपने गुण, धर्म एवं स्वभाव के अनुसार प्रेम को अपने जीवन में उतारता है। ऐस्ट्रो एक्सपर्ट तान्या गुप्ता से जानें प्रेम के अलग-अलग रंग, अलग-अलग राशियों के माध्यम से किस तरह व्यक्तियों पर बिखरते हैं...

मेष (Aries) : मेष एक अति ऊर्जावान और शक्तिशाली राशि है। तीव्रता इस राशि का एक मूल स्वभाव है। प्रेम के मामले में मेष राशि के व्यक्ति अति तीव्र होते हैं। "पहली नजर का प्यार" इस वाक्य को साकार केवल ये ही कर सकते हैं। जितनी जल्दी इन पर प्यार की खुमारी चढ़ती है, उतनी जल्दी उतर भी जाती है। ये बेहद जल्दी अधीर हो जाते हैं तथा इसी कारण इनके जीवन में प्रेम-संबंध बनते और बिगड़ते हैं।

वृषभ (Taurus)



इस राशि में बैल या वृष के गुण पाए जाते हैं। इस राशि के लोग धीरे-धीरे धैर्यपूर्वक अपना काम करते हैं तथा प्रेम के मामले में भी धैर्य का परिचय देते हैं। लेकिन अपने संकल्प पर अडिग होते हैं तथा आसानी से पीछे नहीं हटते। यदि कोई व्यक्ति इनके प्रेमी स्वभाव को कुरेद सके तो इनको अधिक आसानी से अपने वश में किया जा सकता है। ये प्रेम के मामले में अंतिम सीमा तक उदार होते हैं तथा जिन्हें चाहते हैं उनके लिए किसी भी बलिदान को कम नहीं समझते हैं। परंतु इनको अनावश्यक ईर्ष्या प्रदर्शन से बचना चाहिए अन्यथा ये अपने प्रेमी का दिल दुखा सकते हैं।

मिथुन (Gemini)



प्रेम-प्रसंगों में ये लोग एक सबसे ब़डी पहेली होते हैं। इनके स्वभाव का दोहरापन आसानी से महसूस किया जा सकता है। ये एक ही क्षण में प्यार कर सकते हैं तो दूसरे ही क्षण में गैर वफादार भी हो सकते हैं। ये हमेशा ऐसे साथी की तलाश में रहते हैं जो इनके स्वभाव को आसानी से समझ सके। साथ ही साथ, इनमें छिपे गुणों को भी उभारे। इनके अत्यंत चंचल स्वभाव के कारण इनके साथी को सदैव चौकन्ना रहना प़डता है। मगर ये इस बात को नहीं मानते और दिल ही दिल में यही सोचते हैं कि ये न बदलने वाले और वफादार हैं।

कर्क (Cancer)



किसी के दिल की गहराइयों तक जाने का साहस कर्क राशि के लोग कर सकते हैं। भावुकता और संवेदनशीलता इनके जीवन के दो ब़डे स्तंभ हैं। प्रेम के लिए अपने आप को न्यौछावर कर देने का जज्बा केवल इनमें ही होता है। ये सदैव ऐसा साथी चाहते हैं जो इनके दिल में बसी भावना को पहचान ले और सदैव इनको भावनात्मक सहयोग मिलता रहे। इनके लिए प्रेम एक भक्ति है, जीवन जीने की एक अभिव्यक्ति है। ये बहुत जल्दी जु़डने वाले होते हैं। प्रेम में इनको दिखावा बिल्कुल पसंद नहीं होता, जिनसे प्रेम करते हैं उन पर सब कुछ लुटा सकते हैं और यदि कहीं छले जाएं तो अपने कदम पीछे हटाने में भी एक क्षण नहीं लगाते।

सिंह (Leo)



ये प्रेम के मामले में भी एकदम राजसी होते हैं। अपने प्रेम को पूरी सुरक्षा प्रदान करते हैं व बेहद वफादार होते हैं। एक चक्रवर्ती सम्राट की भांति प्रेम के प्रत्येक आधार विश्वास, सुरक्षा, सौहार्द्र, प्रीति आदि पर विजय पाना इनको बखूबी आता है। ये अपने साथी से भी पूरी निष्ठा और वफादारी चाहते हैं मगर यह भी जरूरी नहीं कि ये जिस निष्ठा से प्रेम बांटते हैं उतनी ही निष्ठा से इन्हें वापस भी मिले। ये बेहद प्रभावशाली होते हैं मगर इनके ह्वदय की संवेदनशीलता को केवल कुछ लोग ही जान सकते हैं।

कन्या (Virgo)



निजी रिश्तों में धैर्य कैसे रखा जाता है यह सिर्फ यही जानते हैं। ये बेहद सधे हुए और स्पष्ट होते हैं परंतु प्रेम के विषय में इनको समझ पाना थो़ड़ा कठिन हो जाता है क्योंकि अन्य किसी वर्ग की अपेक्षा इनमें अच्छाई-बुराई की हद तक जाने की क्षमता अधिक होती है। इनमें प्रेम का बहुत गहरा भाव होता है परंतु भावुकता का प्रदर्शन करने वाले नहीं होते। एक बार प्रेम पैदा हो जाने पर बहुत वफादार होते हैं परंतु ईर्ष्या का भाव आने पर ये सारी सीमाएं लांघ जाते हैं। इनको चाहिए कि शब्दों के माध्यम से अपना प्रेम अभिव्यक्त जरूर करें।

तुला (Libra)



निजी रिश्तों में धैर्य कैसे रखा जाता है यह सिर्फ यही जानते हैं। ये बेहद सधे हुए और स्पष्ट होते हैं परंतु प्रेम के विषय में इनको समझ पाना थो़ड़ा कठिन हो जाता है क्योंकि अन्य किसी वर्ग की अपेक्षा इनमें अच्छाई-बुराई की हद तक जाने की क्षमता अधिक होती है। इनमें प्रेम का बहुत गहरा भाव होता है परंतु भावुकता का प्रदर्शन करने वाले नहीं होते। एक बार प्रेम पैदा हो जाने पर बहुत वफादार होते हैं परंतु ईर्ष्या का भाव आने पर ये सारी सीमाएं लांघ जाते हैं। इनको चाहिए कि शब्दों के माध्यम से अपना प्रेम अभिव्यक्त जरूर करें।

वृश्चिक (Scorpio)



इनमें अपनी भावनाओं पर काबू पाने की प्रबल क्षमता है। ये प्रेम के मामले में भी बेहद रहस्यमय होते हैं। इनके साथी अक्सर इनका सही मूल्यांकन नहीं कर पाते। ये ऐसा साथी चाहते हैं जिसे इस बात का ख्याल रहे कि कब ये नजदीकी चाहते हैं और कब थो़डी दूरी। इनकी असाधारण आकर्षण शक्ति कई लोगों को इनकी ओर आकर्षित करती है। ये भावुक तो होते हैं मगर अपनी भावनाओं को आसानी से और जल्दी से प्रकट नहीं कर पाते। इस बात का इंतजार करते हैं कि सामने वाला खुद आए और अपने प्रेम का इजहार इनके सामने करे। तब उसे स्वीकारने में इन्हें एक क्षण भी नहीं लगता और सारा धैर्य धरा रह जाता है।

धनु (Sagittarius)



प्रेम के मामले में बेहद खुले दिल के होते हैं। ये किसी भी व्यक्ति के साथ आसानी से सामंजस्य बिठा लेते हैं। इनके व्यवहार का लचीलापन इनके साथी को बेहद खुश रखता है। इनके लिए प्रेम एक सृजन है जिसमें हर बार कुछ नया करने की गुंजाइश रहती है। पूरे अधिकार से प्रेम करना इनका एक प्रमुख गुण है। इनके प्रेम में गहराई तो होती है परन्तु उसके साथ ही ये प्रेम केवल अपने अधिकार की वस्तु समझते हैं और जिस व्यक्ति से प्रेम करते हैं उसका किसी अन्य से बात करना भी इन्हें गवारा नहीं होता। अधिकार भावना इनके प्रेम का महत्वपूर्ण हिस्सा बन जाता है।

मकर (Capricorn)



इनके के लिए प्रेम ईश्वर की भक्ति जैसा गहरा होता है। ये सदैव ऐसा प्रेम चाहते हैं जो इनको स्थायित्व दे और जीवन पर्यन्त इनके साथ बना रहे। इनके लिए प्रेम एक गहरा आत्मिक अहसास है। इनके लिए जीवन जीने का दूसरा अर्थ ही प्रेम का होना है। ये एक बेहद भरोसेमंद एवं वफादार साथी हो सकते हैं मगर इनको अपने अति भावुक स्वभाव को थो़ड़ा नियंत्रित करना चाहिए। प्रेम और कर्तव्य का संतुलन बनाने के लिए ये प्रेम को दस बार बुद्धि के तराजू में तोलते हैं। इसलिए प्रेम इनके लिए एक विचित्र अहसास भी है। इनको प्रेम में क़डे नियम बनाने से बचना चाहिए क्योंकि प्रेम करने के लिए किसी नियम की जरूरत नहीं प़डती।

कुंभ (Aquarius)



ये जिन लोगों से प्रेम करते हैं उनके प्रति पूरे समर्पित हो जाते हैं परन्तु अपने प्रेम का प्रदर्शन आसानी से नहीं करते। इनमें प्रेम के हर सूक्ष्म रूप को महसूस करने की तीव्र भावना है और किसी न किसी रूप में जीवन के हर क्षण में इनको प्रेम चाहिए परन्तु प्रेम शब्दों की अभिव्यक्ति भी चाहता है तथा इनको अपने प्रेम को शब्दों के माध्यम से अभिव्यक्त भी करना चाहिए। ऐसा न हो कि पहले आप, पहले आप करते-करते गाड़ी तो छूट जाए और इनके हाथ कुछ न बचे, इसका ध्यान जरूर रखना चाहिये। ये किसी को भी भावनात्मक सहारा आसानी से दे सकते हैं, इसलिए ये एक बेहतरीन साथी हो सकते हैं।

मीन (Pisces)



ये प्रेम के मामले में बेहद संवेदनशील एवं रूमानी होते हैं। ये सदैव यही चाहते हैं कि सब इनसे प्रेम करें। प्रेम के बिना जीवन की कल्पना इनको अधूरी लगती है। ये उस क्षण को दिल से जीते हैं, जो प्रेम से जु़डा है परन्तु ये कभी-कभी अत्यधिक आशिक मिजाज भी हो जाते हैं। इनकी एक बहुत ब़डी खूबी होती है कि एक बार पूरे दिल से जुड़ने के बाद आसानी से अलग नहीं होते। इनका साथी भी इनके साथ प्रेम के हर एक क्षण को पूरी तरह से जीता है।

क्या करते हैं हमेशा खुश रहने वाले



जिंदगी में खुश कौन नहीं रहना चाहता! लेकिन कुछ लोग हैं जो हमेशा खुश रहते हैं। आइए देखें ऐसा क्या करते हैं हमेशा खुश रहने वाले लोग :
  • खुश रहने वाले खुद पर अविश्वास नहीं करते।
  • खुश रहने वाले अजनबियों को भी नजरअंदाज नहीं करते।
  • खुश रहने वाले किसी को कुछ इसलिए नहीं देते कि उन्हें उनसे कुछ चाहिए।
  • खुश रहने वाले किसी को बदलने की कोशिश नहीं करते और जो जैसा है, उसे वैसा ही स्वीकार करते हैं।
  • खुश रहने वाले केवल दिमाग से ही नहीं, दिल से भी सोचते हैं।
  • खुश रहने वाले किसी भी बात को पर्सनली नहीं लेते।
  • खुश रहने वाले अपने भय पर काबू रखते हैं।
  • खुश रहने वाले किसी को माफी देने से मना नहीं करते।
  • खुश रहने वाले किसी विवाद को सुलझाने के लिए हाथापाई का सहारा नहीं लेते।
  • खुश रहने वाले कुछ ऐसा करने में भी असहजता महसूस नहीं करते, जो उन्हें पसंद न हो। अपने सपनों और इच्छाओं को नजरअंदाज नहीं करते।
  • खुश रहने वाले अपने भीतर की आवाज सुनते हैं। खुश रहने के लिए बाहर की तरफ नहीं देखते। खुद में ही खुशी ढूंढते हैं।
  • खुश रहने वाले किसी भी बदलाव को खुशी से स्वीकार करते हैं।
  • खुश रहने वाले दूसरे उनके बारे में क्या सोचते हैं, इसे बहुत ज्यादा महत्व नहीं देते। किसी को लेकर जजमेंटल नहीं होते। उनका लहजा कभी शिकायती नहीं होता।
  • खुश रहने वाले ऐसा कभी नहीं सोचते कि वे टूट चुके हैं।
  • खुश रहने वाले रिस्क लेने से नहीं घबराते।
  • खुश रहने वाले दूसरों को दोष नहीं देते और अपनी जिंदगी की पूरी जिम्मेदारी लेते हैं।
आपके सपने जो खोलें भाग्य का दरवाजा

आज मैंने ऐसा सपना देखा



आज मैंने ऐसा सपना देखा, मैं सपने में यह कर रहा था, मैं वहां जा रहा था...न जाने क्या-क्या? सपने में हम न जाने क्या-क्या देखते हैं और सोचते हैं हमने ऐसा क्यों देखा? सपनों को देखकर घबराएं नहीं। क्लिक करें और पढ़ते जाएं...

कुछ स्वप्न बड़े ही विचित्र और आश्चर्यजनक होते हैं



कुछ स्वप्न बड़े ही विचित्र और आश्चर्यजनक होते हैं। व्यक्ति उन्हें देख कर अवाक रह जाता है कि वह स्वप्न में कैसे आसमान में उड़ रहा था। कुछ स्वप्न ऐसे भी होते हैं जो भविष्य में घटने वाली शुभ-अशुभ घटनाओं का बोध कराते हैं और कुछ स्वप्न बिल्कुल ही मानव जीवन की सच्चाइयों से जुड़े होते हैं। जानें, ऐसे 16 सपनों के बारे में जिन्हें देखा तो समझिए भाग्य का दरवाजा खुला...

यदि स्वप्न में आप



यदि स्वप्न में आप अपने से उच्चस्थ पदस्थ पुरुष या अधिकारी से अशिष्टता से बात कर रहे हैं या अभद्र व्यवहार कर रहे है तो आपके लिए इस स्वप्न का फल शुभ है। आप जो भी व्यवसाय या कार्य कर रहे होते हैं उसमें दिनोंदिन उन्नति होनी आरम्भ हो जाएगी।

आप स्वप्न में चावल देखते हैं



आप स्वप्न में चावल देखते हैं या खाते हैं तो समझ लीजिए कि भविष्य में आपको अचानक धन मिलने वाला है। आप स्वप्न में फव्वारे चलते हुए देखते हैं तो भविष्य में आपका डूबा हुआ धन मिलने लगेगा।

आप स्वप्न में शराब देने पर भी नहीं लेते



आप स्वप्न में शराब देने पर भी नहीं लेते हैं और इनकार कर रहे हैं और उससे नफरत कर रहे हैं, तो समझ लीजिए कि आपके अच्छे दिन आने वाले है। भविष्य में आपको धन लाभ होने वाला है और स्वास्थ्य में भी सुधार होगा।

मालिक आपसे किराया मांग रहा है

यदि आप स्वप्न में देखते हैं कि आपका मकान मालिक आपसे किराया मांग रहा है तो समझ लीजिए कि इस स्वप्न का फल अति उत्तम है। भविष्य में आप खुद का मकान लेने वाले हैं या आपके व्यवसाय या नौकरी में उन्नति होने वाली है।

स्वप्न में ड्राई फ्रूट



आप स्वप्न में अखरोट, खिरनी, सुपारी, नारियल को देखते हैं तो यह एक बहुत ही शुभ स्वप्न है। आपको भविष्य में बेशुमार धन संपदा मिलने वाली है।

कानों में कर्णफूल



आप स्वप्न में किसी जवान महिला को कानों में कर्णफूल पहने हुए देखते हैं तो यह शुभ स्वप्न हैं। भविष्य में आपको कोई शुभ समाचार अवश्य ही मिलने वाला है।

स्वप्न में पंडित बन के पंचांग देख रहे



आप स्वप्न में पंडित बन के पंचांग देख रहे हैं तो आने वाले समय में आपका व्यवसाय बढ़ने वाला है। आप स्वप्न में देख रहे हैं कि आपके कपड़े, घर आग में जल गए हैं तो समझ लीजिए कि आप पर लक्ष्मी अत्यंत प्रसन्न हो रही हैं। भविष्य में आपको अपार धन, संपदा मिलने वाली है।

स्वप्न में हीरा



आप स्वप्न में हीरा या हीरे से जड़े आभूषण देखती है तो समझ लीजिए आपका विवाह किसी उच्च अधिकारी या ध्वनि व्यवसायी से होने वाला है।

स्वप्न में कुम्हार घड़ा बना रहा है



आप रात्रि काल में गहरी नींद में सो रहे हैं और स्वप्न में आप देखते है कि कुम्हार घड़ा बना रहा है तो समझ लीजिए कि अब आपके कष्टों के दिन दूर होने वाले हैं। इस स्वप्न का फल अत्यंत ही शुभ और समृद्धिदायक होता है।

स्वप्न में मूसलाधार वर्षा


आप यदि स्वप्न में मूसलाधार वर्षा देखते हैं तो समझ लीजिए कि आपके अच्छे दिन आने वाले हैं अर्थात् भविष्य में आपके घर लक्ष्मी का आगमन होने वाला है।

स्वप्न में छींक



यदि स्वप्न में आपको अचानक ही छींक आती है और आप फ़ौरन ही अपने रुमाल से अपनी नाक साफ़ करने लगे हैं तो इस स्वप्न का फल आपके लिए अति उत्तम और ऐश्वर्यशाली है। भविष्य में आपकी आय में वृद्धि होगी या आय का दूसरा स्रोत मिलेगा जिससे आपका कायाकल्प होने वाला है।
राशि के हिसाब से चुनें अपना करियर

मेष राशि



मेष राशि का स्वामी मंगल है। अगर कुंडली के दशम भाव में मेष राशि हो तो ऐसे लोगों को साहसिक कार्यों में सफलता आसनी से मिलती है। डिफेंस, पुलिस, धातु से सम्बन्धित कार्य, राजनीतिक और प्रशासनिक कार्य इनके लिए अच्छे हैं। डॉक्टर बनकर भी लाभ और सफलता कमाई जा सकती है। ये लोग सफल पत्रकार भी बन सकते हैं।

वृष राशि

शुक्र वृष राशि का स्वामी होता है। आपकी कुण्डली के दशम भाव में वृष राशि है तो आपको संगीत, सौन्दर्य प्रसाधन, मीडिया में रोजगार की तलाश करनी चाहिए। आपके लिए बैंक की नौकरी, विज्ञापन का कार्य, इलेक्ट्रॉनिक्स का काम फायदे का होता है।

मिथुन राशि

मिथुन राशि का स्वामी बुध ग्रह होता है। कुण्डली के दशम भाव में मिथुन राशि है तो आपको करियर मीडिया में बनाना चाहिए। इंजीनियरिंग, शिक्षण, लेखन और अनुवादक का कार्य भी उत्तम रहता है।

कर्क राशि



चन्द्रमा कर्क राशि का स्वामी है। यह राशि दशम भाव में है तो चिकित्सक का पेशा आपके लिए लाभप्रद रहेगा। होटल का कारोबार, बेकरी का काम, पशुपालन का कार्य आपको लाभ देगा। चाय-कॉफी का कारोबार भी आपके लिए फायदेमंद रहेगा।

सिंह राशि



सूर्य सिंह राशि का स्वामी होता है। कुण्डली के दशम भाव में सिंह राशि है तो आपको प्रशासनिक क्षेत्र में रोजगार की तलाश करनी चाहिए। आपके लिए शेयर का कारोबार, आभूषण का काम, दवाइयों का कारोबार कामयाबी दिलाने वाला होगा। आप फिल्मों में भी सफल हो सकते हैं।

कन्या राशि



कन्या राशि का स्वामी बुध ग्रह होता है। आपकी जन्मपत्री में अगर कन्या राशि दशम भाव में है तो आप अकाउंटेंट बन सकते हैं। आप क्लर्क, डॉक्टर, मनोवैज्ञानिक, पायलट, लेखक, एडिटर हो सकते हैं। आप चाहें तो व्यापार भी कर सकते हैं।

तुला राशि

इस राशि का स्वामी शुक्र है। अगर कुण्डली के दशम भाव में तुला राशि है तो आपके लिए न्याय विभाग में बेहतर संभावना है। आप ऐक्टिंग, सिंगिंग, फैशन उद्योग, कैमरामैन के रूप में भी करियर बना सकते हैं। फर्नीचर का कारोबार, होटल का कारोबार, दर्जी का काम भी आपके लिए लाभप्रद रहेगा।

वृश्चिक राशि

कुण्डली का दशम भाव कार्य भाव के रूप में जाना जाता है। इस भाव में वृश्चिक राशि है तो आप पुलिस, डिफेंस, रेलवे, दूरसंचार विभाग में करियर की तलाश कर सकते हैं। इस राशि का स्वामी मंगल है। आप नाविक, बीमाकर्ता एवं चिकित्सा के क्षेत्र में भी प्रयास कर सकते हैं। मशीनरी कार्यों में भी आपको लाभ मिलेगा।

धनु राशि



आपकी कुण्डली के दशम भाव में 9 अंक लिखा है तो इस भाव में धनु राशि है। इस राशि का स्वामी गुरू है। अगर खेल के प्रति लगाव है तो आप खेल को करियर के रूप में ले सकते हैं। आप वकालत अथवा क्लर्क के तौर पर भी कार्य कर सकते हैं। शिक्षा के क्षेत्र में भी आप कामयाबी हासिल कर सकते है। धर्म प्रचारक एवं धर्मगुरू के रूप में भी आप ख्याति प्राप्त कर सकते हैं।

मकर राशि



मकर राशि का स्वामी शनि होता है। कुण्डली के दशम भाव में 10 मकर बैठा हुआ है तो आप माइंस इंडस्ट्री से जुड़े काम कर सकते हैं। कृषि विभाग और धातु से सम्बन्धित कार्य भी आपके लिए अनुकूल रहेंगे। लकड़ी का कारोबार और लोहे से सम्बन्धित कारोबार भी आपके लिए लाभप्रद रहेगा।

कुंभ राशि

कुंभ राशि का स्वामी भी शनि ग्रह है। आपकी कुण्डली में कुम्भ राशि कार्य भाव में है तो आप बिजली विभाग में प्रयास कर सकते हैं। आपके लिए सलाहकार, इंजीनियरिंग, मेडिकल, ज्योतिष का क्षेत्र लाभप्रद है। आप तकनीकी क्षेत्र में भी करियर की तलाश कर सकते हैं।

मीन राशि

इस राशि का स्वामी गुरू होता है। आपकी कुण्डली के दशम भाव में मीन राशि है। आप अपना करियर लेखक, संपादक, चिकित्सक, धर्म प्रचारक के रूप में बना सकते हैं। आप फिल्म और मनोरंजन के क्षेत्र में अथवा जासूसी में भी संभावनाओं की तलाश कर सकते हैं।
राशि से जानें अपने पार्टनर की कमियां

मेष राशि



हर राशि के व्यक्ति में कुछ नेगेटिव गुण होते हैं जो उस व्यक्ति के व्यवहार को प्रभावित करते हैं। अगर बात डेटिंग की हो तो आपके लिए यह जानना आवश्यक हो जाता है कि किस राशि के व्यक्ति में कौन से नकारात्मक गुण हैं। जानिए राशियों के हिसाब से व्यक्ति के नकारात्मक गुणों के बारे में...

पुरुषः इस राशि के पुरुष की खासियत यह होती है कि जब तक यह खुद को आकर्षित करने वाली चीज को हासिल नहीं कर लेता तब तक उसके लिए यह चैलेंज रहता है लेकिन एक बार उसे हासिल करने के बाद उसमें इसकी रुचि नहीं रह जाती। फिर यह आपके होने के बावजूद दूसरी लड़कियों से भी फ्लर्ट करना शुरू कर देता है।

महिलाः इस राशि की महिलाएं कभी-कभी इस हद टीज करती हैं कि आपको लगता है कि वह आपको निशाना बना रही है। कई बार उसका डोमिनेटिंग नेचर आपको हर्ट करता है। उसे इस बात की चर्चा करने में गर्व का अनुभव होता है कि उसने कितने दिल तोड़े हैं।

वृष राशि



पुरुषः इस राशि के पुरुष रोमांस में जो शुरुआती एक्साइटमेंट दिखाते हैं वह दोनों पार्टनर के करीब आने के साथ ही शिथिल पड़ता जाता है। इस राशि के लोग डेट में सस्ती जगहों पर जाना पंसद करते हैं।

महिलाः इस राशि की महिलाएं इनकम और पैसे को ज्यादा महत्व देती हैं। उनके लिए आपके प्यार से ज्यादा अहम आपका बैंक बैलंस होता है।

मिथुन राशि



पुरुषः इस राशि के पुरुषों को समझना बहुत मुश्किल होता है। ये अपनी ही दुनिया में खोए रहते हैं। यहां तक कि डेट पर वह अपने ऑफिस के काम से जुड़े फोन कॉल्स लेते रहते हैं। इनकी रुचि एक साथ कई महिलाओं में रहती है और इसलिए जब ये आप फोन पर आपसे प्यारी बातें कर रहे हों तब भी आप नहीं जान सकते कि उनके दिमाग में कौन है।

महिलाः इस राशि की महिलाएं डेट पर एकदम अलग-थलग हो सी हो जाती हैं। यहां तक कि सीधा आई कॉन्टैक्ट भी उन्हें नर्वस कर देता है। कभी-कभी वह ऐसी बेवकूफी भरी बातें करती है कि बात बिगड़ जाए। अपने एक्साइटमेंट को पूरा करने के लिए किसी भी हद तक जा सकती है।

कर्क राशि



पुरुषः इस राशि के पुरुष भावुक होते हैं और अपने कंफर्ट जोन में रहना पसंद करते हैं। ज्यादातर ये अपनी आलोचना बर्दाश्त नहीं कर पाते। इनका मूड बहुत तेजी से बदलता है। ये रोमांटिक तो होते हैं लेकिन डेट के दौरान किस बात पर इनका मूड कब बदल जाए कहना मुश्किल है।

महिलाः इस राशि की महिलाएं इतनी भावुक होती है कि पहली डेट पर ही अपने दिल टूटने और धोखे की कहानी सुनाने लगती है। प्यार और विश्वास पाने के लिए ये सेक्स को एक औजार की तरह प्रयोग कर सकती हैं। अक्सर अपने गलत निर्णयों से मुश्किलों को दावत दे देती हैं, जिनसे बचने का इनके पास कोई उपाय नहीं होता।

सिंह राशि



पुरुषः अपने जीने के शाही अंदाज के काऱण ये मान लेते हैं कि आप कहीं नहीं जाने वाले हो। खासतौर पर अगर आप इस रिश्ते को लेकर सीरियस हैं। ये अटेंशन पाने के भूखे होते हैं। अपने तानाशाही रवैये के कारण अक्सर ये आपकी भावनाओं का भी ख्याल नहीं रखते।

महिलाः इस राशि की महिलाओं को अगर आपने गुस्सा दिलाया तो वे आपकी एक नहीं सुनेगी। इन्हें महंगे गिफ्ट्स पसंद होते हैं। अगर वह रिलेशनशिप को लेकर सीरियस नहीं है तब भी वह चाहती है कि उसके साथ उसका पार्टनर महारानी जैसा व्यवहार किया जाए और बाकी सब उसकी आज्ञा मानें।

कन्या राशि



पुरुषः इस राशि के पुरुष आपकी तारीफ को लेकर करने में कंजूसी बरतते हैं। सफाई और स्वास्थ को लेकर उनका जुनून आपको परेशान करे देगा। वह आपके द्वारा बनाए गए अच्छे खाने में भी कमी निकाल देंगे। उनके लिए परफेक्शन ही सबसे महत्वपूर्ण होता है।

महिलाः इस राशि की महिलाएं भी खाने के मामले में आपके स्वाद और पसंद की आलोचना कर सकती हैं। ये रूटीन जिंदगी जीने की आदी होती हैं और कुछ नया करने से बचती हैं। अगर आपको रोमांच पसंद करने वाले पार्टनर की तलाश है तो आपको निराशा होगी। छोटी बातों का बतंगड़ बनाने की उनकी आदत आपकी ऊर्जा नष्ट करने का ही काम करेगी।

तुला राशि



पुरुषः इस राशि के पुरुष मुश्किल परिस्थितयों में घबरा जाते हैं। इसलिए इस राशि के पुरुषों से स्थितियों के संभालने की उम्मीद न करें। ये डरपोक और परम्परागत होते हैं। ये बिना किसी वास्तविक ऐक्शन लेने के अपनी ही दुनिया में खोए रहते हैं।

महिलाः इस राशि की महिलाएं अपनी बुद्धमानी की श्रेष्ठता साबति करने की कोशिश करती हैं जोकि कई बार होती भी नहीं। ये अपनी नापसंद को सार्वजनिक तौर पर जाहिर करती हैं और आपकी भावनाओं के प्रति असंवेदनशील होती हैं।

वृश्चिक राशि



पुरुषः प्यार का पहला पड़ाव पार करने के बाद ये अपना असली रंग दिखाते हैं। ये आप पर अपना पूरा नियंत्रण रखने के लिए आपके हर कदम पर नजर रखते हैं। अगर इन्हें जरा भी शक हो कि उन्हें धोखा दिया गया है तो ये अपना आपा खो बैठते हैं। महिलाः अगर इस राशि की महिलाओं को लगे कि आप आपनी सीमा पार कर रहै हैं तो ये आपको सबक सिखा सकती हैं। इस राशि की महिलाएं भी अपने पार्टनर पर पूना नियंत्रण चाहती हैं और इसके लिए किसी भी हद तक जा सकती हैं।

धनु राशि



पुरुषः इस राशि के लोग कमिटमेंट को लेकर सीरियस नहीं होते। रिलेशनशिप के शरुआती दौर में ये थोड़े सीरियस दिखते हैं लेकिन आगे बढ़ने के साथ सीरियसनेस जाती रहती है। इनके लिए फिजिकल रिलेशनशिप बनाना एक खेल की तरह होता है। भावनात्मकता इनके लिए उतना मायने नहीं रखती। किसी बेहतर के मिलने पर ये तुरंत आपको छोड़ने को तैयार भी हो सकते हैं।

महिलाः इस राशि की महिलाएं शरारती होती हैं। ये आपके साथ बिताए बेहद प्यारे और निजी पलों को अपने दोस्तों के साथ शेयर करने से भी नहीं हिचकतीं।

मकर राशि



पुरुषः इस राशि के पुरुष बहुत ही आत्मकेंद्रित होते हैं। ये आपको भी सफलता पाने की सीढ़ी की तरह इस्तेमाल करते हैं। इनके लिए सफलता आपसे ज्यादा महत्वपूर्ण होती है। कई बार आपको उन्हें आपकी उपस्थिति का अहसास दिलाना पड़ता है लेकिन उन्हें इस बात का कोई फर्क नहीं पड़ता।

महिलाः इस राशि की महिलाएं जिद्दी और बोरिंग हो सकती हैं ये अक्सर प्यार और आकर्षण के खेल को बिना भावनाओं को शामिल न करने की गलती कर बैठती हैं है। उसके साथ डेट पर आपको ऐसा लगेगा जैसे आप किसी इंटरव्यू के लिए आए हैं और वह आपकी बॉस हैं।

कुंभ राशि



पुरुषः इस राशि के पुरुष बिना कारण के ही असुरक्षा की भावना से ग्रस्त हो जाते हैं। संभव है कि जब आप इनसे गहरे भावनात्मक लगाव की उम्मीद करें तब ये आप से अलग हो जाएं। उनका सनकी व्यवहार आपको हैरानी में डाल सकता है।

महिलाः इस राशि के महिलाओं का एक पक्ष हमेशा रहस्तमयी होता है। जिसके बारे में आप नहीं जान पाते है। ये आपकी बातों पर अमल नहीं करती। उसके लिए रैली में जाना आपको प्रॉयरिटी देने से भी ज्यादा महत्वपूर्ण हो जाता है। वह पूरी तरह से खुद को आपको सौंपने में भी असहज महसूस करती है।

मीन राशि



पुरुषः अपने आर्दशवादी नजरिए के कारण इस राशि के पुरुष डेट से बहुत ज्य़ादा उम्मीद करते हैं। उनके ज्यादा भावनात्मक नजरिए से आपको उन्हें हैंडल करने में परेशानी हो सकती है। मुश्किल परिस्थितयों में ये आपका साथ निभाने के बजाय साथ छोड़ सकते हैं।

महिलाः इस राशि की महिलाएं बहुत भावुक और कम यथार्थवादी होती है और अपनी ही बनाई हुई दुनिया में जीती हैं, जो उन्हें कमिटमेंट के लिहाज से कमतर बनाता है।
राशियों और रोगों का है संबंध

मेष राशि



आपके स्वास्थ्य का संबंध आपकी राशि से भी है। चौंकिए मत, आपकी राशि, ग्रहों की दशा और तारों का स्थिति आपके स्वास्थ्य को प्रभावित करती हैं। अलग-अलग राशियां शरीर के किसी न किसी अंग और उससे जुड़े रोगों को रिप्रजेंट करती हैं। जानिए राशि के मुताबिक, आपको कौन-सा रोग होने की संभावनाएं हैं ताकि आप सावधानी बरत सकें...

मेष राशि के जातकों को मस्तिष्क,पीयूष ग्रथि(पिट्युटरी ग्लैंड), सेरेब्रम, सेरेबेलम, चेहरे की हड्डियों और ऊपरी जबड़े से जुड़े रोग हो सकते हैं। इसके अलावा, चोट लगना, बुखार, जल्दी गुस्सा आना, इन्फ्लमेट्री डिसऑर्डर, नींद से जुड़ी समस्याएं, सिरदर्द, पायरिया और इनसोमेनिया, अशुद्ध रक्त के कारण होने वाले रोग परेशान कर सकते हैं।

वृष राशि



वृष राशि के लोगों का गला काफी सेंसिटिव होता है। इन्हें भोजन-नली, गले की हड्डियों, कान, थायरॉइड ग्लैंड और निचले जबड़े से जुड़े रोग होने की संभावना होती है। इसके अलावा, इन्हें गलसुआ(Goitre), कमजोर वीनस सिस्टम और मोटापे का भी खतरा रहता है।

मिथुन राशि



मिथुन राशि के जातकों के शरीर का सबसे सेंसिटिव हिस्सा होती है इनकी त्वचा। इन्हें, त्वचा से जुड़े रोग हो सकते हैं। साथ ही श्वास नली, फेफड़े, नर्वस सिस्टम, कंधों की हड्डियों, बाजू और शरीर के ऊपरी हिस्से की पसलियों से जुड़ी समस्याएं हो सकती हैं। इस राशि के लोगों को टीबी, निमोनिया, अस्थमा, टेंशन और गठिया के रोग भी सता सकते हैं।

कर्क राशि



कर्क राशि के लोगों को ब्रेस्ट, चेस्ट, हार्ट, पेट और पाचन-तंत्र से जुड़े रोग परेशान कर सकते हैं। इसके अलावा, इन्हें कैंसर, चेचक, ड्रॉप्सी और मानसिक रोग होने की संभावना रहती है।

सिंह राशि



सिंह राशि के लोगों को लीवर और हार्ट से जु़डे रोग होने की संभावना रहती है। इन्हें रीढ़ की हड्डी, पाचक-ग्रंथि(pancreas) और रक्त से जुड़े रोग भी सता सकते हैं। इसके अलावा, इस राशि के लोगों को डायबीटीज, कमजोर इच्छाशक्ति और बार-बार बेहोश होने जैसी समस्याओं से भी दो-चार होना पड़ सकता है।

कन्या राशि



कन्या राशि के लोगों को पेट से जुड़े रोग अक्सर सताते हैं। इन्हें नाभि और आंतों से जुड़े रोग काफी परेशान करते हैं। अपेन्डिसाइटिस, कब्ज, नर्वस और सेक्शुअल बीमारियां होने की संभावना रहती है।

तुला राशि



तुला राशि के जातकों को त्वचा-संबंधी, किडनी, अण्डाशय, स्पर्म डक्ट, एपिडर्मिस आदि रोग होने की संभावना रहती है। इन्हें गठिया, आर्थराइटिस, सेक्शुअल बीमारियां, डायबीटीज, किडनी स्टोन और नेफराइटिस जैसी बीमारियां भी सता सकती हैं।

वृश्चिक राशि



वृश्चिक राशि के जातकों को यूरिनरी सिस्टम, सेक्शुअल ऑर्गन, ऐनस, ब्लैडर, नासिका-संबंधी, पेल्विक बोन और मलाशय से जुड़े रोग हो सकते हैं। इसके अलावा, इन्हें बवासीर, यूटीआई(यूरिनरी ट्रैक्च इन्फेक्शन), अल्सर और नर्वस सिस्टम से जुड़े रोग सता सकते हैं।

धनु राशि



धनु राशि के लोगों को नितंब, जांघों और नर्व्स के अलावा धमिनयों से जुड़े रोग हो सकते हैं। इसके अलावा, अनीमिया, पीलिया, कोल्ड, डायबीटीज, तेज बुखार, खराब पाचन-तंत्र और गठिया, पैरालिलिस और दौरे पड़ने सरीखे रोग होने की संभावना रहती है।

मकर राशि



मकर राशि के लोगों को हड्डियों से जुड़े रोग परेशान कर सकते हैं। इन्हें घुटनों और जोड़ों के दर्द से परेशानी हो सकती है। बाल और नाखूनों से जुड़े रोगों से भी ये लोग परेशान रह सकते हैं। इसके अलावा, इनकी आंखें, गला और दांत भी काफी सेंसिटिव होते हैं। इन लोगों को कोढ़, ल्यूकोडर्मा और हाथी पांव जैसे रोग होने की भी संभावना रहती है।

कुंभ राशि



कुंभ राशि के लोगों को पैर, एडियों और ब्लड सर्कुलेशन से जुड़े रोग परेशान कर सकते हैं। इसके अलावा, इन्हें कैंसर, नर्वस सिस्टम से जुड़े रोग और पांव का फ्रैक्चर होने की भी संभावना रहती है।

मीन राशि



मीन राशि के लोगों को पांव और पैरों की उंगलियों से जुड़े रोग हो सकते हैं। इसके अलावा, गठिया, जोड़ों का दर्द, ट्यूमर, अत्यधिक म्यूकस और टीबी सरीखे रोग भी इन्हें परेशान कर सकते हैं।
महिलाओं के ये अंग खोलते हैं उनके रहस्य

नाभि



ज्योतिष शास्त्र महिलाओं के व्यक्तित्व से जुड़े कई रहस्य को भी खोलता है। जानें, महिलाओं के लिए कौन सा अंग उनसे जुड़े किस राज को खोलता है।

यदि किसी महिला की नाभि अंदर की ओर गहरी और दाईं तरफ मुड़ी हो तो ऐसी महिलाएं काफी सौभाग्यशाली और सुख देने वाली मानी जाती हैं।

भूरी आंखें



जिनकी आंखें भूरी हों, वे काफी चालाक किस्म की होती हैं। ऐसी महिलाओं पर भरोसा करना सही नहीं माना जाता।

पैरों के तलवे



पैरों के तलवे मुलायम हों तो ऐसी महिलाएं सुख भोगने वाली होती हैं। वहीं पांव फटे हों तो वे दुखदाई होती हैं।

पैर के तलवे मुलायम और कोमल हों तो समझ लें कि जातक का भविष्य उज्ज्वल है। उन्हें हर तरह की सुख-सुविधाएं बड़ी आसानी से मिलने वाली हैं।

कमर पतली हो



कमर पतली हो तो सौभाग्यशाली और टेढ़ी-मेढ़ी, रोएंदार, छोटी हो तो ऐसी महिलाएं तकलीफ देने वाली होती हैं।
घर से निकलते वक्त किस दिन क्या करें

रविवार



वैसे, देखें तो कोई भी दिन बुरा नहीं होता। हमारे सितारों का असर ही दिन को अच्छा या बुरा बनाता है। ऐसे में मन में किसी तरह की शंका हो और आप किसी बड़े या शुभ काम के लिए घर से बाहर निकल रहे हों तो कुछ ऐसा आजमा सकते हैं, जो आपके दिन को शुभ बनाने में आपकी पूरी मदद करेगा।

जानिए, घर से निकलते वक्त किस दिन क्या करें... यदि आप किसी अच्छे काम के लिए रविवार को घर से निकल रहे हों तो पान का पत्ता साथ रखकर निकलें। हो सकता है आपका न बनने वाला काम भी बन जाए।

सोमवार



सोमवार को घर से निकलते वक्त आईने में अपना चेहरा देखकर निकलना शुभदायक हो सकता है।

मंगलवार



मंगलवार को जब आप किसी अच्छे काम के लिए बाहर जा रहे हों तो ध्यान रखें कि आप मिठाई खाकर बाहर निकलें।

बुधवार



बुधवार को हरे धनिये के पत्ते खाकर निकलना बेहतर साबित हो सकता है।

गुरुवार



कहते हैं गुरुवार को सरसों के कुछ दाने मुंह में रखकर बाहर निकलें तो आपका कैसा भी काम बन सकता है।

शुक्रवार



शुक्रवार के दिन दही खाकर निकलना शुभ माना जाता है।

शनिवार



शनिवार को अदरक और घी खाकर घर से बाहर निकलें।
आपकी भौंहें भी आपका भविष्य बताती है

आदर्श भौंहे

आरंभ से गोलाकार ऊपर उठी हुई, मध्य भाग में गोलाई लिये आखिर में पतली लंबी आंखों के बाद तक नीचे झुकी हुई भौंहे आदर्श शुभ होती है।

आँखों से लंबी, घनी, गहरा रंग तथा माथे में बिंदी वाले, स्थान पर मिली हुई न हो तो यह शुभ भौंहे ज्ञानवान, विचारशील, कार्य कुशलता, सुखी, सौभाग्यशाली, भोगी तथा सफल जीवन देती हैं।

झाडू के समान भौंहे

यह भौंहे भी दो प्रकार की होती हैं पहली भौंहे आरंभ में पतली हो आखिर में बिखर जायें तथा दूसरी वे भौंहे जो आरंभ में घनी व बिखरी हो आखिर में पतली व व्यवस्थित हो जायें। यह दोनों प्रकार की भौंहों वाले लोग योजना बना भी ले तो उसे पूरा नहीं कर पाते हैं।

जिनकी भौंहे अंत में बिखर जायें वो शुरू का काम तो ठीक करते हैं अंत में ढीले पड़ जाते हैं। 30 से 40 वर्ष का आयु भाग अशुभ व संघर्षमय होता है। आर्थिक हानि होती है। शारीरिक चोट एक्सीडेंट या आपरेशन आदि घटनायें कष्टदायी होती है। यदि भौंहे आरंभ में घनी हो तो काम आवेश, क्रोध में खराब कर बैठते हैं। यदि ये भौंहे काली व सघन हो तो पुलिस या सेना में नाम कमाता है। यदि मुख पर नासिका, ठोढ़ी आदि शुभ लक्षण हो तो राजनीति व सेना में जातक नाम कमाता है।

ऊबड़-खाबड़ भौंहे

यदि भौंहो में बाल ऊबड़-खाबड़ हो, कोई बाल ऊपर हों, कोई नीचे हो या झाडूं की सीकों की तरह बिखरा सा हो, भौंहे घनी व काली हो तो ऐसे व्यक्ति अशिष्ट, भावावेशी, भ्रमित स्वभाव वाले चंचल होते हैं। ये व्यक्ति शारीरिक दृष्टि से शक्तिशाली होते है। इनके जीवन के 31 से 34 वर्ष का समय अशुभ व दु:खी होता है।

त्रिकोण भौंहे

यदि भोंहे घनी त्रिकोणाकार दिखाई देती हो तो ऐसे व्यक्ति साहसी होते हैं। हालांकि स्वार्थी भी होते हैं। मसीबत व परेशानी की हालत में घबराते नहीं है। इनकी वैचारिक शक्ति निर्बल होती है। परंतु यदि भौंहों के दोनों छोर नीचे की ओर नुकीलेहो जो जातक में शीघ्र निर्णय लेने की योग्यता होती है।

गोलाकार (कमानीदार) भौंहे

यदि भौंहे पतली व गोलाकार हो। ये भौंहे स्त्रियों में विशेष रूप से पायी जाती है। कामकला व भावावेश इन स्त्रियों में अत्यधिक होता है। ऐसी भौहें वाले पुरुष भी अति कामुक होते हैं। उन्हे काम वासना के अतिरिक्त और कुछ सूक्ष्मता ही नहीं। अक्सर ऐसे स्त्री-पुरुषों को हिस्टीरियों के दौरे पड़ते हैं।

कटार जैसी भौंहे

कटार जैसी आकृति वाली भौहे वाले जातक क्रूर हिंसक, कठोर दिल के तथा धूर्त व कपटी होते हैं। शीघ्र निर्णय लेने वाले होते हैं। क्रूरता व दृढ़ स्वभाव तथा धार्मिक कट्टरता मिलकर धर्म के नाम से हिंसा व आतंक फैलाते हैं।

ऊपर उठती संतुलित भौंहे

ऊपर की ओर उठती भौंहे वाले जातक स्फूर्तिवान व क्रियाशील होते हैं। उनके विचार उन्नति की ओर प्रगतिवादी होते हैं। महत्वाकांक्षी व दूरदर्शी होते हैं। परहित करने में सुखी रहते हैं। यदि यह भौंहे अधिक लंबी हो तो अपने मिशन में कामयाबी हासिल करते हैं। नये विचारों का स्वागत करते हुए आगे बढ़ते हैं।

पंख जैसी भौंहे

ऊपर से घनी परंतु नीचे की ओर पतली व झुकी हुई पंख के आकार की भौंहे वाले जातक प्राय: या तो चतुर, चालाक, बेईमान या धोखेबाज होते हैं। या सत्संग या गुरु कृपा से मन साफ होने पर परोपकारी होते हैं। अच्छे स्वाभव के होने की योग्यता होती है। मालिक बनने की योग्यता का अभाव होता है। ऐसी भौंहे वाले व्यक्तियों की ठोडी यदि गोलाई लिये हो तो मालिक भी बन सकते हैं। 31 से 34 वर्ष के बीच का समय अशुभ रहता है।

आरंभ में खड़े बालों वाली भौंहे

यदि भौंहो के अशुभ में बाल खड़ें हो व्यक्ति को अपने भाई-बहनों का सहयोग नहीं मिलता है। यदि भौंहों के बीच में थोड़ा स्थान खाली हो या बाल न हो तो अपने ही भाई बहनों से निराशा दु:खी तथा मन को ठेस लगने वाली कोई पारिवारिक परेशानी होती है।

आँखों के पास भौंहे

यदि भौंहे आँखों के बिलकुल समीप से आरंभ हो अर्थात आँखों व भौंहों के बीच का फासला बहुत कम हो तो ऐसे लोग अशांत-बेसब्र व अस्थित स्वभाव के होते हैं। यदि अपना उद्देश्य प्राप्त न हो तब बेसब्र अधिक होते हैं। पतली भौंहों वाले व्यक्ति स्पष्टवादी व स्थिर चित्त के होते हैं। विषाद व दु:ख से दुखी ऐसे व्यक्ति निराशावादी भी होते हैं।

जुड़ी हुई भौंहे वाले व्यक्ति

यदि दोनों भौंहे माथे के बीच में मिली हुई हो तो ऐसा व्यक्ति शीघ्र ही क्रोधित हो जाता है। मामूली सा व्यंग्य भी व्यक्ति को व्यथित कर देता है। काल्पनिक रोगों से व्यक्ति चिंतित हो जाता है। डिप्रेशन हो जाता है। अपना अपमान बिलकुल सहन नहीं करते हैं। घनी भौंहे अधिक क्रोधी स्वभाव वाला बनाती है। 35 वर्ष की आयु के बाद भाग्य साथ देता है।

छोटी भौंहे

यदि छोटी भौंहे व्यक्ति की हो तो ऐसे व्यक्ति का स्वभाव तुनक मिजाज, शीघ्र आवेश वाला, तथा असंतोषी होता है। ऐसे लोग दूसरों की न तो मदद करते हैं और न तो सहायता ही करते हैं। ऐसे व्यक्ति स्वार्थी होते हैं। जरूरत पड़ने पर इनसे सहायता की उम्मीद करना व्यर्थ है।

पतली भौंहे

यदि किसी व्यक्ति की भौंहें पतली होती हैं तो जातक बहुत कम बोलता है। आलस्य घेरे रहता है। अव्यवहारिक होता है। कम बोलने के कारण दूसरों के साथ मिलना जुलना पसंद नहीं करता है। वैचारिक अभिव्यक्ति कम होती है।

ऊँची-नीची भौंहे

यदि किसी व्यक्ति की भौंहे ऊँची-नीची हो तो जीवन में संघर्ष से सीखता हुआ आगे बढ़ता है। इच्छा शक्ति के कारण भावनाओं पर नियंत्रण कर लेता है। उतार-चढ़ाव वाले भावों से व्यथित न होकर जीने की कला सीखने लगता है। यद्यपि ऐसा व्यक्ति भावनाओं से आवेशित हो जाता है। सुख-दुख, लाभ-हानि व यश-अपयश से सीखता हुआ जीवन जीता है।

छल्लेदार भौंहे

छल्लेदार भौंहे वाले व्यक्ति अस्थिर चित्त वाले होते हैं। विचारों में परिपक्वता का अभाव होता है। रहन-सहन व्यवस्थित नहीं होता है। विचारों में भी अस्थिरता होता है। अक्सर ऐसे व्यक्तियों को स्नेह व प्रेम कम मिलता है। दूसरों से व्यवहार भी ठीक से नहीं करते हैं। यदि थोड़ी व आँखों की बनावट अच्छी न हो तथा अपरिपक्वता अधिक हो तो संघर्ष अधिक होता है। आयु में कमी भी पायी जाती है।

नीचे झुके बालों वाली भौंहे

यदि भौंहो के बाल झुककर आँखों पर आते हो तो, बुद्धि परिपक्व कम होती है। अपने परिवार वालों व मित्रों के साथ संबंध अच्छे नहीं होते हैं। जीवन में निराशा, दु:ख व अकेलापन पीड़ा देता है। भौंहे यदि सघन व काली हो तो 35 वर्ष की आयु के बाद भाग्य साथ देता है। राजनीति व सेना में काम करने वाले व्यक्ति इस समय विशेष लाभ प्राप्त करते हैं।

जड़े दिखनी वाली भौंहे

यदि व्यक्ति की भौंहे के बालों की जड़ें दिखाई देती हों तो ऐसी व्यक्ति हिंसक, लड़ने वाले तथा आक्रमक प्रवृति के होते हैं। प्रत्येक परिस्थिति का सामना करने की हिम्मत होती है। वाद-विवाद होने पर आवेशित हो जाते हैं। गाली-गलौज और लड़ना ऐसे जातकों के लिए मामूली बात है।

बीच में झुकी भौंहे

यदि भौंहे बीच में झुकी हुई हो तथा अंत पुन: ठीक हो जाये तो पुरुष चरित्रहीन हो सकते हैं। विवाह के पश्चात् भी अन्य स्त्रियों से संबंध हो जाते हैं। चारित्रिक शिथिलता, कामुकता तथा वासना अपयशदायी होती है।

ऊँच व नीच भौंहे

यदि भौंहे ऊँची व नीची झुकी हो तो जातक के जीवन में उतार-चढ़ाव खूब होता है। वाराहिमिहिर कहते है कि ऐसा जातक संघर्ष बहुत करता है। दरिद्रता पीछा नहीं छोड़ती है। कभी बहुत प्राप्ति होती है और कभी दरिद्रता अभिशाप की तरह तंग करती है।
जन्म के अनुसार आपका भविष्य और स्वभाव

सोमवार

व्यक्ति जिस वार को पैदा होता है उस दिन का प्रभाव भी उस पर पड़ता है। ज्योतिष के अनुसार सप्ताह के सातों के संबंधित ग्रह अलग-अलग है। अत: सातों दिन पैदा होने वाले लोगों के स्वभाव भी अलग-अलग ही होते हैं। जानिए व्यक्ति का जन्म किस दिन है उसके अनुसार व्यक्ति का स्वभाव:

सोमवार: को जन्म लेने वाले व्यक्ति हंसमुख और मीठा बोलने वाले होते हैं। सुख-दुख में सम भाव रखते हैं। विद्यावान, कला कुशल और बहादुर होते हैं। ये लोग कफ रोगों से परेशान रहते हैं। बीमारियों के कारण कमजोरी बनी रहती है। इन लोगों के लिए 9, 12, 27 वर्ष की आयु में कुछ परेशानियां उत्पन्न हो सकती हैं। सामान्यत: इनका जीवन ऐश और आराम से व्यतित होता है।

मंगलवार

मंगलवार: जिन लोगों का जन्म मंगलवार के दिन हुआ है वे धनी होते हैं। सामान्यत: इन लोगों का स्वभाव उग्र होता है, इसी कारण ये लोग अपने आसपास रहने वाले कई लोगों से नाराज रहते हैं। इन्हें ब्लड और स्कीन से संबंधित रोग हो सकते हैं।

बुधवार

बुधवार: बुधवार के दिन जन्म लेने वाले लोग सामान्यत: धर्म-कर्म में ध्यान लगाने वाले होते हैं। ये बुद्धिमान और मधुर भाषी होते हैं। विद्वान और धार्मिक जीवन जीने वाला इनका स्वभाव होता है। माता-पिता से विशेष प्रेम रखते हैं। 8 और 22 वर्ष की आयु में परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।

गुरुवार

गुरुवार: जिन लोगों का जन्म गुरुवार के दिन हुआ है वे बुद्धिमान होते हैं। पराक्रमी होते हैं, किसी भी मुश्किल समय का सामना बड़ी ही समझदारी और साहस के साथ करते हैं। इन लोगों के मित्र अच्छी संगती वाले होते हैं। मित्रों की ओर से सदैव प्रसन्न रहते हैं। 7, 12, 13, 16 और 30 वर्ष की आयु में संकट का सामना करना पड़ सकता है।

शुक्रवार

शुक्रवार: शुक्रवार का दिन व्यक्ति को हंसमुख स्वभाव देता है। ये लोग बुद्धिमान और मधुरभाषी होते हैं। सहनशीलता के कारण कठिन समय का सामना भी अच्छे से कर लेते हैं। ऐश्वर्यपूर्ण जीवन इन लोगों को काफी पसंद होता है। कला के क्षेत्र में ये लोग खास मुकाम हासिल करते हैं। 20 और 24 वर्ष की आयु में इन्हें कुछ परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।

शनिवार

शनिवार: जिन लोगों का जन्म शनिवार के दिन हुआ है वे कृषि या व्यापार में विशेष रूचि रखते हैं। छोटी आयु में कुछ परेशानियां हो सकती हैं। इन लोगों को मित्रता में सावधान रहने की आवश्यकता होती है। माता-पिता, भाई-बहनों की ओर से इन्हें पूर्ण सुख प्राप्त नहीं हो पाता है। इन लोगों को 20, 25 और 45 वर्ष की आयु में कुछ परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।
हथेली की रेखाएं बताती हैं आपका भविष्य

जीवन रेखा



हमारे जीवन से जुड़ी हर छोटी-बड़ी घटना का संकेत हमारे हाथों की रेखाओं में छिपा होता है। इन रेखाओं के सही अध्ययन से मालुम किया जा सकता है कि कोई व्यक्ति जीवन में कितनी उन्नति करेगा? कितनी सफलताएं या असफलताएं प्राप्त करेगा? व्यक्ति का स्वास्थ्य कैसा रहेगा या उसका विवाहित जीवन कैसा होगा? हस्तरेखा ज्योतिष के अनुसार कुछ महत्वपूर्ण रेखाएं बताई गई हैं, इन्हीं रेखाओं की स्थिति के आधार पर व्यक्ति के जीवन की भविष्यवाणी की जा सकती है। ये रेखाएं इस प्रकार हैं-

जीवन रेखा: जीवन रेखा शुक्र क्षेत्र (अंगूठे के नीचे वाला भाग) को घेरे रहती है। यह रेखा तर्जनी (इंडेक्स फिंगर) और अंगूठे के मध्य से शुरू होती है और मणिबंध तक जाती है। इस रेखा के आधार पर व्यक्ति की आयु एवं दुर्घटना आदि बातों पर विचार किया जाता है।

मस्तिष्क रेखा



मस्तिष्क रेखा: यह रेखा हथेली के मध्य भाग में आड़ी स्थिति में रहती है। मस्तिष्क रेखा जीवन रेखा के प्रारंभिक स्थान के पास से ही शुरू होती है। यहां प्रारंभ होकर मस्तिष्क रेखा हथेली के दूसरी ओर जाती है। इस रेखा से व्यक्ति की बौद्धिक क्षमता पर विचार किया जाता है।

हृदय रेखा



हृदय रेखा: यह रेखा मस्तिष्क रेखा के समानांतर चलती है। हृदय रेखा की शुरूआत हथेली पर बुध क्षेत्र (सबसे छोटी अंगुली के नीचे वाला भाग) के नीचे से आरंभ होकर गुरु क्षेत्र (इंडेक्स फिंगर के नीचे वाले भाग को गुरु पर्वत कहते हैं।) की ओर जाती है। इस रेखा से व्यक्ति की बौद्धिक क्षमता, आचार-विचार आदि बातों पर विचार किया जाता है।

सूर्य रेखा



सूर्य रेखा: यह रेखा सामान्यत: हथेली के मध्यभाग में रहती हैं। सूर्य रेखा मणिबंध (हथेली के अंतिम छोर के नीचे आड़ी रेखाओं को मणिबंध कहते हैं।) से ऊपर रिंग फिंगर के नीचे वाले सूर्य पर्वत की ओर जाती है। वैसे यह रेखा सभी लोगों के हाथों में नहीं होती है। इस रेखा से यह मालूम होता है कि व्यक्ति को मान-सम्मान और पैसों की कितनी प्राप्ति होगी।

भाग्य रेखा


भाग्य रेखा: यह हथेली के मध्यभाग में रहती है तथा मणिबंध अथवा उसी के आसपास से आरंभ होकर शनि क्षेत्र (मिडिल फिंगल यानी मध्यमा अंगुली के नीचे वाले भाग को शनि क्षेत्र कहते हैं।) को जाती है। इस रेखा से व्यक्ति की किस्मत पर विचार किया जाता है।

स्वास्थ्य रेखा



स्वास्थ्य रेखा: यह बुध क्षेत्र (सबसे छोटी अंगुली के नीचे वाले भाग को बुध पर्वत कहते हैं।) से आरंभ होकर शुक्र पर्वत (अंगूठे के नीचे वाले भाग को शुक्र पर्वत कहते हैं) की ओर जाती है। इस रेखा से व्यक्ति की स्वास्थ्य संबंधी बातों पर विचार किया जाता है।

विवाह रेखा



विवाह रेखा: यह बुध क्षेत्र (सबसे छोटी अंगुली के नीचे वाले भाग को बुध क्षेत्र कहते हैं।) पर आड़ी रेखा के रूप में रहती है। यह रेखा एक से अधिक भी हो सकती है। इस रेखा से व्यक्ति के विवाह और वैवाहिक जीवन पर विचार किया जाता है।

संतान रेखा



संतान रेखा: यह बुध क्षेत्र (सबसे छोटी अंगुली के नीचे वाले भाग को बुध क्षेत्र कहते हैं।) पर खड़ी रेखा के रूप में रहती है। यह रेखा एक से अधिक भी हो सकती है। इस रेखा से मालूम होता है कि व्यक्ति की कितनी संतान होंगी। संतान रेखा से यह भी मालूम हो जाता है कि व्यक्ति को संतान के रूप में कितनी लड़कियां और कितने लड़के प्राप्त होंगे।